प्रदेश में बढ़ते साइबर अपराध पर नकेल कसने के लिए हिमाचल पुलिस सीबीआई से अपने जवानों को प्रशिक्षण दिलाएगी। प्रशिक्षण लेने वाले जवान न सिर्फ साइबर अपराधों की जांच पड़ताल करेंगे, बल्कि अन्य कर्मियों को भी प्रशिक्षण देंगे।
यह जानकारी डीजीपी सोमेश गोयल ने दी। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के लिए 30 कर्मचारियों का पहला जत्था अगले हफ्ते रवाना होगा। रिज मैदान पर एक कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में डीजीपी ने हिमाचल पुलिस की गिरती छवि पर चिंता जताते हुए कहा कि पुलिस कर्मियों और अफसरों से लगातार संपर्क कर उन्हें आचरण में सौम्यता लाने को कहा जा रहा है।
बेसिक ट्रेनिंग में भी कुछ जरूरी बदलाव करने पर विचार कर रहे हैं। गोयल ने बताया कि तकनीकी कारणों से हिमाचल पुलिस की कानून व्यवस्था और जांच के लिए दो अलग हिस्से नहीं बनाए जा सकते। बड़े घटनाक्रमों की जांच को सभी जिलों में विशेष जांच इकाई गठित की जा रही है।
उन्होंने बताया कि इस बार शहर में आने वाले पर्यटकों को पुलिस के पार्किंग ऐप के बारे में बताया जाएगा। इसके जरिये पर्यटकों को पार्किंग की लोकेशन और उसमें कितनी जगह है, इसकी जानकारी आसानी से मिलेगी। ऐसा होने से शहर में पर्यटन सीजन में ट्रैफिक व्यवस्था को संभालने में काफी आसानी होगी।
सेल्फी लेने वालों को देंगे सलाह
गोयल ने कहा कि सेल्फी लेने के दौरान हो रहे हादसों को देखते हुए पुलिस कर्मियों से कहा गया है कि वे लोगों को जागरूक करें। साथ ही पुलिस के इंस्पेक्टर सावधान सिंह के जरिये अभियान चलाएंगे। सोशल मीडिया और समाचार पत्रों व प्रचार के अन्य माध्यमों का इस्तेमाल कर लोगों को सेल्फी लेने के चक्कर में अपनी जान जोखिम में न डालने के टिप्स दिए जाएंगे।