ऐसे विद्यार्थियों को लाभ पहुंचाने के लिए सरकार ने कुछ कोर्स सरकारी क्षेत्र में शिफ्ट करने का फैसला लिया है। जो विद्यार्थी पहले से इन कोर्सों के तहत पढ़ाई कर रहे हैं, उन्हें भी सरकारी क्षेत्र में शिफ्ट किया जाएगा। इन कोर्सों को पढ़ाने के लिए कर्मचारी चयन आयोग के माध्यम से आईटीआई इंस्ट्रक्टर की भर्ती की जाएगी।
वर्तमान में प्रदेश के सरकारी आईटीआई में 60 हजार से अधिक विद्यार्थी प्रशिक्षण ले रहे हैं। आईएमसी के तहत चल रहे कोर्सों की फीस 30 से 35 हजार रुपये है। इन कोसों को पढ़ाने के लिए आईएमसी अपने स्तर पर प्रशिक्षकों की भर्ती करती है, जबकि सरकारी क्षेत्र में चल रहे कोर्सों की फीस एक से दो हजार रुपये के बीच है।