हिमाचल के सभी निजी और सरकारी आईटीआई में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी पिछले छह महीने से वार्षिक परीक्षा परिणाम का इंतजार कर रहे हैं। सभी आईटीआई के लगभग 23 हजार विद्यार्थियों ने जून महीने में वार्षिक परीक्षा दी है। छह महीने से ज्यादा समय बीत जाने के बाद अभी तक परीक्षा परिणाम घोषित नहीं हुआ है।
वर्ष 2019 में एनसीवीटी नई दिल्ली ने देशभर की आईटीआई में पहली बार सत्र की बजाय वार्षिक स्तर पर परीक्षाओं का आयोजन किया था। इसकी कंपार्टमेंट की परीक्षाएं जनवरी-फरवरी में प्रस्तावित हैं, लेकिन अभी जून में हुईं परीक्षाओं का परिणाम ही घोषित न होने के कारण कंपार्टमेंट की परीक्षाएं कब होंगी, इसको को लेकर छात्रों में असमंजस है। जून में फिर वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो जाएंगी। इसके अलावा सेमेस्टर प्रक्रिया के तहत भी जिन छात्रों ने पेपर दिए हैं, उसका परिणाम भी घोषित नहीं हो पाया है।
एक साल का कोर्स करने वाले विद्यार्थी परेशान
वार्षिक परीक्षा का परिणाम घोषित न होने के कारण एक साल का कोर्स करने वाले आईटीआई के विद्यार्थी सबसे ज्यादा परेशान हैं। परीक्षा परिणाम न आने से वह किसी नौकरी के लिए तक अप्लाई नहीं कर पा रहे हैं। पिछले छह महीने से सिर्फ घरों में बेकार बैठक कर परीक्षा परिणाम का इंतजार कर रहे हैं।
तकनीकी शिक्षा बोर्ड के सचिव सुनील वर्मा ने कहा कि आईटीआई का परीक्षा परिणाम एनसीवीटी नई दिल्ली करता है। बोर्ड की भूमिका परीक्षा संचालन तक है। उसके बाद पेपर चेक कर एनसीवीटी को भेजे जाते हैं।