उसके बाद ही छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए कोई फैसला लिया जाएगा। वहीं जिन छात्रों से अब तक दस फीसदी ज्यादा फीस वसूली गई है, उसे लौटा दिया जाएगा। बहरहाल, विवि प्रशासन के इस निर्णय से हजारों छात्र-छात्राओं को राहत होगी, जो विवि के 15 छात्रावासों में रहेंगे।
एसएफआई की विवि इकाई के अध्यक्ष जीवन ठाकुर और सचिव अनिल नेगी ने विवि प्रशासन के फीस बढ़ोतरी के फैसले को वापस लिए जाने को छात्र समुदाय की जीत करार दिया है।