एसएफआई की विवि इकाई ने प्रश्नपत्र और प्रोफेसर की किताब सहित पूरा रिकॉर्ड लेकर कुलपति और कुल सचिव का घेराव किया था। छात्र संगठन का आरोप था कि परोक्ष रूप से यह प्रश्नपत्र लीक होने का मामला है। मामले की जांच को विवि ने तीन सदस्यीय कमेटी बनाई। कमेटी ने जांच में आरोप सही पाए। इसके बाद विवि ने परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया
छात्रों के आरोपों के बाद विवि प्रबंधन ने कमेटी गठित कर जांच करवाई। नैतिकता और परीक्षा संचालन प्रक्रिया पर छात्रों का विश्वास बना रहे, इसके लिए एमकॉम की प्रवेश परीक्षा रद्द करने का निर्णय लिया है। परीक्षा नए सिरे से होगी। इसकी तारीख जल्द जारी की जाएगी। - प्रो. राजिंद्र सिंह चौहान, कुलपति एचपीयू