प्रदेश के डिग्री कॉलेजों में 17 अगस्त से शुरू होने वाली छठे सेमेस्टर की परीक्षाओं के लिए उच्च शिक्षा निदेशालय ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। सभी परीक्षा केंद्रों में स्वास्थ्य विभाग के दिशा निर्देशानुसार परीक्षाएं करवाने के लिए वीरवार को शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने सभी कॉलेज प्रिंसिपलों और उप निदेशकों को पत्र जारी कर दिए हैं। उच्च शिक्षा निदेशालय से जारी गाइडलाइन में स्पष्ट किया गया है कि थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही परीक्षा केंद्रों में विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा।
एक-एक सीट छोड़कर विद्यार्थी परीक्षा केंद्रों में बैठाए जाएंगे। हैंड सेनेटाइजर और साबुन का हाथ धोने के लिए उचित बंदोबस्त किया जाएगा। शिक्षा निदेशक ने सभी कॉलेजों में आगामी दिनों में दो-दो बार सैनिटाइजेशन करने के निर्देश भी दिए हैं। कॉलेजों के साथ हॉस्टलों को भी सैनिटाइज किया जाएगा। शिक्षा निदेशक ने बताया कि सैनिटाइजेशन के कार्यां को जांचने के लिए अधिकारियों की ड्यूटियां लगाई जा रही हैं। सभी जिलों में अधिकारी स्वयं मौके का निरीक्षण कर बंदोबस्त का जायजा लेंगे। उन्होंने कहा कि छठे सेमेस्टर की परीक्षाओं के लिए शिक्षा निदेशालय ने तैयारियां शुरू कर दी है।
यूजीसी की गाइडलाइन के बाद होगा फर्स्ट-सेकेंड ईयर को प्रमोट करने का फैसला
प्रदेश के कॉलेजों में फर्स्ट और सेकेंड ईयर के विद्यार्थियों को बिना परीक्षाएं लिए अगली कक्षाओं में प्रमोट करने का फैसला यूजीसी की गाइडलाइन जारी होने के बाद ही लिया जाएगा। शिक्षा सचिव राजीव शर्मा ने बताया कि अभी किसी भी कक्षा को प्रमोट करने का फैसला सरकार ने नहीं लिया है। यूजीसी की गाइडलाइन क्या तय करेगी। इस पर ही सरकार का आगामी फैसला निर्भर करेगा। उन्होंने बताया कि अभी विद्यार्थियों की पढ़ाई जारी रखने के लिए रोल ऑन आधार पर अगली कक्षाओं में दाखिले दिए जा रहें है। ऑनलाइन पढ़ाई भी कॉलेजों में शुरू कर दी गई है।