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किन निजी बीएड कॉलेजों के लिए होगी काउंसलिंग, संशय बरकरार

Fri, 14 Jul 2017 09:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
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प्रदेश विश्वविद्यालय ने दो वर्षीय बीएड डिग्री कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा करवाने के  साथ ही श्रेणी और संकायवार मेरिट सूची जारी कर दी है। इसमें 2017-18 शैक्षणिक सत्र में कितने निजी बीएड कॉलेजों के लिए एचपीयू काउंसलिंग करवाएगा, इस पर संशय बरकरार है। 
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सुप्रीम कोर्ट के फैसले के मुताबिक सभी नियम और शर्तें पूरी करने वाले निजी बीएड कॉलेजों का पता लगाने के लिए गठित एसआईटी ने उच्च न्यायालय में रिपोर्ट पेश कर कुछ कॉलेजों की खामियां गिनाई हैं।

विवि को इन कॉलेजों में प्रवेश के लिए काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू करने से पहले विचार करना होगा। जिन कॉलेजों में खामियां हैं, उसमें काउंसलिंग और प्रवेश मिलने के बावजूद मान्यता न मिलने पर बीएड प्रशिक्षुओं का भविष्य अधर में होगा।
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हालांकि न्यायालय ने अभी तक खामियों या नियम व शर्तें पूरी न करने वाले विवि से संबद्ध निजी बीएड कॉलेजों पर फैसला नहीं दिया है।

एचपीयू को कानूनी राय लेने या सरकार के आदेशों के बाद ही ऐसे कॉलेजों में काउंसलिंग की प्रक्रिया आगे बढ़ानी होगी। मौजूदा हालात को देखते हुए बीएड कोर्स में प्रवेश लेने वाले छात्रों और उनके अभिभावकों को निजी कॉलेजों की मान्यता, शर्तों को लेकर अपने स्तर पर पड़ताल कर लेना चाहिए।

एनसीटीई की साइट पर राज्यवार निजी बीएड कॉलेज
नेशनल काउंसिल फॉर टीचर्स एजूकेशन (एनसीटीई) ने अपनी वेबसाइट पर राज्यवार मान्यता और सभी शर्तें पूरी करने वाले कॉलेजों की सूची अपलोड की है। इसे एचपीयू को काउंसलिंग से पहले जरूर देखना चाहिए, वहीं प्रवेश लेने वाले छात्र भी इस सूची को देखें।

कानूनी राय के बाद काउंसलिंग पर फैसला: कुलसचिव
एचपीयू के कुलसचिव डॉ. पंकज ललित ने कहा कि एसआईटी की ओर से कोर्ट में पेश शर्तें एवं सुविधाएं प्रदान न करने वाले कॉलेजों की सूची पर विवि कानूनी राय ले रहा है।

वहीं मामला प्रदेश सरकार के सामने भी उठाया जा रहा है। संभव हुआ तो ही एचपीयू ऐसे निजी कॉलेजों के लिए काउंसलिंग की प्रक्रिया पूरी करेगा।

एचपीयू से संबद्ध प्रदेश में 73 निजी बीएड कॉलेज
विश्वविद्यालय से संबद्ध पूरे प्रदेश में 73 निजी बीएड कॉलेज हैं, जबकि दो सरकारी कॉलेज है। इनमें आठ हजार से अधिक छात्र हर सत्र में प्रवेश लेकर बीएड कोर्स करते हैं।
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