फूड प्वाइजनिंग की चपेट में आए सोलह वर्षीय अंशुल की रविवार सुबह आईजीएमसी में मौत हो गई। दो दिन से इसका उपचार चल रहा था। मौत के बाद शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों के हवाले कर दिया गया है। आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश चंद ने इसकी पुष्टि की है।
उन्होंने बताया कि इसके अलावा परिवार के चार सदस्यों का आईजीएमसी में चिकित्सकों की निगरानी में उपचार चल रहा है। इसकी हालत 19 मई को बिगड़ी गई थी। विकासनगर के रहने वाले अंशुल ने परिवार के सदस्यों ने राजमा की दाल का सेवन किया था। इसके बाद लड़के और परिवार के सदस्यों की तबीयत खराब होने के बाद अस्पताल लाया गया।
डीडीयू अस्पताल में लड़के का उपचार चल रहा था। हालत बिगड़ने पर उसे 20 मई की रात को डीडीयू से आईजीएमसी रेफर कर दिया गया। यहां उसे बाल रोग विभाग भेज दिया गया। डॉक्टरों ने लड़के की गंभीर हालत को देखते हुए उसे तुरंत भर्ती किया और इसे आईसीयू (इटेंसिव केयर यूनिट) में रखा। रविवार सुबह लड़के की मौत हो गई।