हिमाचल के चंबा-कांगड़ा से सांसद शांता कुमार ने कहा कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने सरकारी अस्पतालों में ब्रांडेड दवाइयों के स्थान पर जेनरिक दवाइयां इस्तेमाल करने का निर्णय लिया है। ऐसे में डॉक्टर मरीजों को महंगी दवाइयों के स्थान पर सस्ती दवाइयां लिखेंगे।
चंबा में वीरवार को प्रेस वार्ता में कहा कि विदेश की कंपनी कैंसर रोग की एक दवाई साढ़े नौ लाख में तैयार करके दे रही है जबकि वही दवाई हैदराबाद की कंपनी साढ़े आठ हजार रुपये में दे रही है। अन्य बीमारियों की ब्रांडेड व जनरिक दवाइयों में भी इसी प्रकार का अंतर है।
सांसद ने कहा कि प्रदेश सरकार ने कॉलेजों से ज्यादा विश्वविद्यालय खोल दिए हैं। सरकार केवल शिक्षा का विस्तार कर रही है। शिक्षा की गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। हाल ही में प्रदेश में दसवीं की परीक्षा परिणाम घोषित हुआ है।
इसमें सरकारी स्कूलों के बच्चे प्राइवेट स्कूलों के मुकाबले काफी पिछड़े हैं जबकि सरकारी स्कूलों में तैनात अध्यापकों को प्राइवेट स्कूलों के अध्यापकों के मुकाबले कई गुना अधिक वेतन दिया जा रहा है। इसको लेकर प्रदेश सरकार को कड़े कदम उठाने की जरूरत है।
आम आदमी पार्टी सदाचार से चलकर भ्रष्टाचार पर आकर समाप्त हो गई है। कांग्रेस पार्टी एक परिवार तक ही सीमित होकर रह गई है। कुल मिलाकर भाजपा विश्व में नंबर एक राजनीतिक पार्टी बनकर उभरी है।
तीसा-पांगी को रेललाइन से जोड़ने के लिए लिखा पत्र
चंबा-तीसा-पांगी को पठानकोट-लेह लद्दाख रेलवे लाइन से जोड़ने के लिए उन्होंने केंद्रीय रेल मंत्री को एक पत्र लिखकर सुझाव दिया है। उन्हें उम्मीद है कि तीसा व पांगी को इस रेलवे लाइन से जोड़ा जा सकता है। ऐसा होने पर चंबा जिला को काफी लाभ मिलेगा।