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भाजपा का बड़ा ऐलान, सरकार बनते ही कॉलेजों से खत्म होगा रूसा

Thu, 01 Sep 2016 12:04 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
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राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) के पहले सेमेस्टर में 90 प्रतिशत से अधिक विद्यार्थियों के फेल होने पर प्रदेश के कॉलेजों में जारी प्रदर्शन के बीच भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सत्ती ने बड़ा बयान दिया है।
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कहा कि भाजपा की सरकार बनने पर रूसा को हटाकर छात्रों को राहत दी जाएगी। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि रूसा के नाम पर सरकार लाखों विद्यार्थियों के भविष्य से खिलवाड़ कर रही है। भाजपा विद्यार्थियों के साथ खड़ी है।

रूसा प्रणाली पूरी तरह असफल रही है। प्रदेश के शैक्षणिक वातावरण में आई गिरावट को कांग्रेस सरकार विशेषकर शिक्षा मंत्री होने के नाते मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह जिम्मेदार हैं। चंद वोटों की खातिर विभिन्न जगह कॉंलेज तो खोल दिए।
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लेकिन स्टाफ और अन्य व्यवस्थाएं खड़ी नहीं कर पाने से छात्रों का भविष्य अंधकारमय कर दिया है। पहले माध्यमिक शिक्षा में खराब परिणाम और अब उच्च शिक्षा में खराब परिणामों ने सरकार की शिक्षा नीति की कलई खोल दी है।
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लापरवाही का नतीजा, दूसरे विवि में नहीं मिल रहा रूसा छात्रों को दाखिला

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती - फोटो : फाइल फोटो
बिना सोचे-समझे प्रदेश में रूसा लागू करने का दुष्परिणाम यह हुआ है कि कॉलेजों में प्रथम सेमेस्टर के परिणामों में 90 प्रतिशत छात्र विभिन्न विषयों में फेल है। कहा कि रूसा के तहत सेमेस्टर सिस्टम एवं सीबीसीएस को प्रदेश में लागू करना आवश्यक नहीं था।

बावजूद पूर्व समीक्षा किए इसको लागू कर दिया। इससे भी दुखद पहलू है कि रूसा प्रणाली के बाद प्रदेश के छात्रों की डिग्रियों को अन्य प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में मान्यता नहीं मिल रही है। पंजाब, दिल्ली और अन्य राज्यों में छात्रों को दाखिला नहीं मिल रहा है।

रूसा शैक्षणिक उत्थान और कॉलेजों के आधारभूत ढांचे के विकास के अपने दोनों ध्येयों में असफल साबित हुआ है। 90 प्रतिशत छात्रों का फेल होना शैक्षणिक प्रणाली फेल होने को दर्शाता है।

रूसा के तहत 20 छात्रों के ऊपर एक अध्यापक, स्मार्ट क्लासिज और कॉलेज कैंपसों के आधारभूत ढांचे के विकास को लेकर सरकार असफल साबित हुई है। सरकार को अपनी नाकामी के लिए विद्यार्थियों से क्षमा मांगनी चाहिए।
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