बजट और मानसून सत्र के बाद भाजपा ने शीतकालीन सत्र में भी हिमाचल प्रदेश सरकार को घेरने के लिए पूरी तरह चक्रव्यूह की रचना कर दी है।
महज सात दिन के सत्र के लिए प्रदेश के विधायकों ने 450 से अधिक चुभते सवाल दाग दिए हैं, जिसका जवाब तलाशना सरकार के अफसरों के लिए बेहद मुश्किल हो रहा है।
प्रदेश की माली हालत से लेकर कानून और माफिया के राज्य में बढ़ते कदम से संबंधित तीखे प्रश्न किए गए हैं। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि इस बार भी सत्र बेहद हंगामेदार हो सकता है।
राजधानी में तारादेवी मंदिर के पास 35 बीघा जमीन पर काटे गए हरे पेड़ कटान के मुद्दे को भाजपा की ओर से प्रमुखता से उठाने की तैयारी है।