हिमाचल प्रदेश में प्रवासी परिंदे बीमारियां लेकर पहुंच रहे हैं। कांगड़ा जिले के पौंग डैम में आने वाले 25 पक्षियों पर रेडियो कॉलर लगाकर किए गए अध्ययन में यह तथ्य सामने आया है। प्रदेश वन विभाग और बांबे नेचुरल सोसाइटी की ओर से संयुक्त अध्ययन की रिपोर्ट आने के बाद वन महकमा सतर्क हो गया है।
विभाग यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि हिमाचल में किस-किस प्रजाति के परिंदे कौन-कौन सी बीमारियां लेकर आ रहे हैं। नए सिरे से अध्ययन की तैयारी की जा रही है। प्रदेश सरकार ने 22 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की है।
पौंग डैम के 25 पक्षियों पर रेडियो कॉलर व ट्रांसमीटर लगाकर एक अध्ययन किया गया था। यूरेशियन विजन, नार्दन पिन रिल, कामन रिल, रुड्डी शेल डक पर ट्रांसमीट और बार हेडेड गूज, ग्रे लैड गूज पर कॉलर लगाया गया था।