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इक्डोल के पुराने विद्यार्थियों को मिली बड़ी राहत

Wed, 11 Jul 2018 01:35 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
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इक्डोल से पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों के लिए राहत भरी खबर है। नए बैच पर बेशक संशय है, लेकिन पुराने पंजीकृत छात्रों की पढ़ाई पर कोई संकट नहीं। इनकी पढ़ाई जारी रहेगी। वे अगले सेमेस्टर में तय समय सीमा के भीतर रोल ऑन होकर पढ़ाई जारी रख सकेंगे। 

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उनके लिए कोई समस्या नहीं। इक्डोल प्रशासन हर कोर्स में पंजीकृत छात्रों को अगले सेमेस्टर में प्रवेश लेने के लिए जल्द शेड्यूल जारी करेगा। पहले की तरह से छात्र तय फार्म और फीस भरने की औपचारिकताएं पूरी पढ़ाई जारी रख सकेंगे। वर्तमान में इक्डोल के इन कोर्स में दूरदराज क्षेत्र से संबंधित 24,000 छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। इनमें रूसा सीबीसीएस के के पुराने सेमेस्टर सिस्टम में ही करीब ग्यारह हजार छात्र-छात्राएं हैं। 

इक्डोल के निदेशक प्रो. कुलवंत पठानिया ने माना कि पहले से यूजी, पीजी, डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कोर्स में पंजीकृत छात्र-छात्राएं पढ़ाई जारी रख सकेंगे। यूजीसी डीईबी की ओर से मान्यता न देने के फैसले को लेकर और नया बैच बिठाने के लिए इक्डोल न्यायालय में गया है, जहां से राहत मिलने की पूरी उम्मीद है। शुक्रवार तक इस पर फैसला संभावित है।

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इक्डोल वर्तमान में बीए, बी-कॉम, बीसीए, एम-कॉम, एमए इंग्लिश, हिंदी, अर्थशास्त्र, राजनीति शास्त्र, लोक प्रशासन, हिंदी, संस्कृत, एमएससी गणित, समाज शास्त्र, एमए म्यूजिक, एमबीए, एमसीए, एमएमसी, बीएड, एमए एजूकेशन, पीजीडीपीएम एंड लॉ, पीजीडीसीए, पीजी डिलोमा इन ह्यूमन रिसोर्स डेवलपमेंट, डिप्लोमा इन योग और टूरिस्ट गाइड कोर्स करवा रहा है। इसमें हजारों छात्र अध्ययनरत हैं। 

इक्डोल में यूजी और पीजी कोर्स में प्रवेश लेने के लिए जुलाई माह अंत तक प्रक्रिया शुरू होती है। यूजीसी के नेक ग्रेडिंग में तय अंक प्राप्त न किए जाने पर डेब के माध्यम से किसी भी कोर्स में नया बैच न बिठाने को मान्यता न देने का फैसला दिया था।

एचपीयू अब इसको लेकर न्यायालय में गया है। यह देखने वाली बात होगी कि विवि और इक्डोल प्रशासन कब तक अनुमति दिलवाने का मसला सुलझा कर प्रवेश की प्रक्रिया शुरू करेगा।
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