प्रदेश के बागवानों खासकर चेरी उत्पादकों को लॉकडाउन के बीच राहत मिलने वाली है। प्रदेश में पैदा होने वाली चेरी की खरीद के लिए बिग बास्केट कंपनी आगे आई है। यह कंपनी बागवानों के बगीचों से रविवार से चेरी की खरीद शुरू कर देगी। सरकार ने उक्त कंपनी के कर्मचारियों के पास बनाकर इन्हें थानाधार क्षेत्र के लिए रवाना कर दिया है। ये कर्मचारी चेरी उत्पादकों से संपर्क स्थापित कर चेरी की खरीद शुरू करेंगे।
प्रदेश के चेरी उत्पादों को लॉकडाउन के कारण परेशानी रही थी। अब कंपनी के आगे आने से से बागवानों के समक्ष विकल्प रहेगा कि उन्होंने अपनी फसल प्रदेश की मंडियों में बेचनी है या कंपनी के पास। इससे चेरी उत्पादकों को जहां ज्यादा रेट मिलेगा, वहां फसल बेच सकेंगे। बिग बास्केट कंपनी ने चालू सीजन में दो सौ मीट्रिक टन चेरी खरीदने का लक्ष्य रखा है।
यह चेरी थानाधार, कुमारसैन और कोटगढ़ क्षेत्र और आसपास में पैदा की जाती है। यह पहली बार है कि कोई कंपनी बागवानों को पास जाकर चेरी खरीदेगी। इससे प्रदेश के चेरी उत्पादकों को फसलों मंडियों में बेचने के लिए भटकना नहीं पडे़गा। हिमाचल कृषि विपणन बोर्ड के प्रबंध निदेशक नरेश ठाकुर कहते हैं कि बिग बास्केट के कर्मचारियों को पास बनाकर थानाधार रवाना कर दिया है। कंपनी रविवार से चेरी की खरीद शुरू कर देगी।