बंजार मेले में देवताओं के भव्य देव मिलन
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देवताओं के भव्य देवमिलन से कुल्लू जिले के बंजार में माहौल भक्तिमय हो गया। कलवारी के देवता लक्ष्मी नारायण 120 सालों के बाद बंजार मेले में पहुंचे। इसके साथ ही पलाहच घाटी के आराध्य ईश्वर महादेव, देवता महाकाल पझारी भी मेले में पहुंचे। वहीं कोटला के देव श्रीबड़ा छमाहूं 105 वर्षों के बाद बंजार मेले की शोभा बढ़ाने के लिए पंहुचे। लक्ष्मी नारायण थणी चेडा भी 75 वर्षों बाद बंजार मेले में शामिल हुए हैं। मेले में शामिल हुए देवताओं का अधिष्ठाता श्रृंगा ऋषि के साथ भव्य देव मिलन हुआ। यह देवमिलन सबके आकर्षण का केंद्र रहा। मेले में अब तक 18 से अधिक देवी-देवता पहुंच चुके हैं।
देव श्रीबड़ा छमाहूं के कारदार मोहन सिंह व देवता छमाहूं विकास कमेटी के सचिव शेर सिंह ने कहा कि देवता ने अपनी भविष्यवाणी में कहा है कि वह किसी बड़ी आपदा के समाधान के लिए बंजार जा रहे हैं। देवता लक्ष्मी नारायण कलवारी के कारदार हरमेश शर्मा, गूर होम देव ,रूम सिंह, हीरा चंद, जमलू के पुजारी रूप चंद, लक्ष्मी नारायण के पुजारी पुष्पेंद्र शर्मा, अजय शर्मा, निका राम, लक्ष्मी चंद शर्मा ने कहा कि देवता 120 सालों बाद बंजार मेले में शामिल हुए हैं। 19 मई तक चलने वाले मेले में सांस्कृतिक संध्याओं का भी आयोजन किया जा रहा है। स्थानीय कलाकारों के द्वारा लोगों का भरपूर मनोरंजन किया जा रहा है।