सामरिक महत्व की अटल टनल रोहतांग उद्घाटन तक अब एसपीजी के घेरे में रहेगी। 3 अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी टनल का उद्घाटन करेंगे। सरकार, प्रशासन और सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने मोदी के दौरे को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। सुरक्षा एजेंसियों ने मनाली और लाहौल में डेरा डाल दिया है। एसपीजी के करीब 100 अधिकारी और कमांडो मनाली पहुंच गए हैं। मंगलवार को ही एसपीजी ने टनल को अपने सुरक्षा घेरे में ले लिया। पीएम मोदी के काफिले में शामिल जैमर गाड़ियां सोमवार रात को ही दिल्ली से मनाली पहुंच गईं हैं। मंगलवार को प्रदेश पुलिस के कानून व्यवस्था देख रहे पुलिस अधिकारी समेत विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी, उपायुक्त कुल्लू, एसपी कुल्लू तथा एसपीजी के अधिकारियों ने सासे हैलीपैड की सुरक्षा व्यवस्था को देखा।
इसके बाद जनसभा स्थल सोलंगनाला और टनल के साउथ पोर्टल की भी फुलप्रूफ सुरक्षा ड्रिल (एडवांस सिक्योरिटी लायसन) की गई। इससे पहले पीएम सिस्सू में जनसभा संबोधित करेंगे। हालांकि कोरोना महामारी के चलते जनसभा में 200 लोगों को ही शामिल होने की अनुमति मिली है। प्रधानमंत्री की सुरक्षा के लिए कुल्लू के बजौरा से लेकर लाहौल-स्पीति के सरचू तक पुलिस तैनात की गई है। कुल्लू से मनाली और मनाली-लेह मार्ग पर पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है। 30 सितंबर से रोहतांग दर्रा होकर जाने के लिए मात्र सैन्य वाहनों को ही इजाजत होगी। उधर, पुलिस अधीक्षक कुल्लू गौरव सिंह ने बताया कि प्रधानमंत्री के दौरे के लिए पुलिस के करीब एक हजार जवान तैनात हैं।
भुंतर एयरपोर्ट पर होगी वैकल्पिक लैंडिंग
पीएम मोदी मनाली के सासे हैलीपैड पर लैंड करेंगे। इसके लिए सभी पुख्ता प्रबंध कर लिए गए हैं। मौसम खराब रहने या अन्य परिस्थितियों में भुंतर एयरपोर्ट को विकल्प के लिए रखा गया है, जहां पीएम के हैलीकाप्टर लैंड कर सकते हैं। प्रधानमंत्री की गाड़ियों का एक काफिला भुंतर में भी रहेगा।