परमार ने कहा कि प्रदेश में घर-द्वार गुणात्मक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने में वर्तमान में 7829 आशा कार्यकर्ता अपना योगदान दे रही हैं। सरकार की ओर से आशा कार्यकर्ताओं को आवश्यक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
आशा कार्यकर्ता प्रजनन एवं बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम जिनमें किशोर स्वास्थ्य, गैर संक्रमणीय रोग तथा रोग नियंत्रण कार्यक्रमों को लोगों तक पहुंचाने में विशेष योगदान दे रही हैं।
उन्होंने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं को भारत सरकार की ओर से राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के माध्यम से कार्य निष्पादन पर मानदेय दिया जा रहा है। पूर्व सरकार की तरफ से हालांकि आशा कार्यकर्ताओं को एक हजार रुपये मानदेय देने की घोषणा की गई थी, परंतु इस पर अमलीजामा नहीं पहनाया गया।