बालीचौकी (मंडी)। सराज विधानसभा के तहत बालीचौकी क्षेत्र की एक पंचायत में ग्राम सभा के दौरान महिला प्रधान पर अनुसूचित जाति के युवकों को जूता दिखाने का आरोप है। पीड़ित और पंचायत के एक दर्जन लोगों ने पुलिस चौकी बालीचौकी में लिखित शिकायत दी है। उन्होंने आरोपी प्रधान पर एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज करने की मांग की है। बता दें कि बीते दिनों कुल्लू में भी एक देव कारज में दलित युवक को पीटने का आरोप है।
पीड़ित युवक ने मीडिया को बताया कि रविवार को जब वे पंचायत घर में ग्राम सभा की कार्र्यवाही में भाग ले रहे थे तो पंचायत की प्रधान उनको देखते ही भड़क उठी। उन्हें सार्वजनिक तौर पर प्रताड़ित करते हुए जूता मारने की धमकी दे डाली। इनका कहना है कि 17 जनवरी को पंचायत के सोशल आडिट की ग्रामसभा में लोगों ने प्रधान पर कथित वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए और इसका विरोध किया था। इसी के चलते प्रधान ने ऐसा किया। पंचायत प्रधान की टिप्पणियों से आहत होकर पंचायत के दलित समुदाय के लोगों ने आधी ग्रामसभा से उठकर पंचायत घर के साथ सड़क में बैठक कर न केवल आपत्तिजनक भाषा पर रोष जताया बल्कि इस दौरान लगभग 60 लोगों ने एक हस्ताक्षरित शिकायत पत्र के माध्यम से बालीचौकी प्रभारी को इस पूरे मामले की छानबीन करने की मांग की। दलित नेता व सराज भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष डोलेराम, पंचायत के उपप्रधान कर्म सिंह, दूले सिंह, प्रेमा, तिले राम व अन्य लोगों ने इस मामले पर रोष जताया और पुलिस से कड़ी कार्रवाई की मांग की। जिला परिषद सदस्य संतराम ने भी आरोपी प्रधान के खिलाफ कार्रवाई मांगी है। उधर, पंचायत प्रधान ने लगाए सारे आरोपों से नकारा है।
छानबीन करने के उपरांत होगी कार्रवाई : श्याल लाल
बालीचौकी के चौकी प्रभारी श्याम लाल का कहना है कि मामले को लेकर कुछ महिलाएं और पुरुष आए थे। उन्होंने पंचायत प्रधान के खिलाफ आरोप लगाए हैं। छानबीन के उपरांत इस मामले पर उचित कार्रवाई की जाएगी।