मामले की सूचना अग्निशमन केंद्र ऊना को दी गई। अग्निशमन के दलबल ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत से काबू पाया। तब तक प्रवासी मजदूरों की 60 झुग्गियां जलकर राख हो गई। आग पीड़ितों का रखा सारा कीमती सामान और अन्य सामान आग के भेंट चढ़ गया।
अग्निशमन के दलबल में अग्निशमन केंद्र ऊना के कार्यकारी अधिकारी कर्मचंद, फायरमैन चालक तरसेम लाल, प्रशामक प्रेम कुमार, अश्वनी कुमार, करतार सिंह, गुरमेल सिंह, चालक अजय कुमार शामिल थे। सभी प्रवासी बिहार के रहने वाले हैं जो खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं।
मंगलवार सुबह एसडीएम पृथीपाल सिंह व तहसीलदार ऊना ने घटना स्थल का जायजा लिया। पुलिस ने भी मौके पर पहुंचकर पीड़ितों के बयान दर्ज कर लिए हैं। अभी तक आग लगने के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है।
अग्निशमन केंद्र ऊना के प्रभारी कर्मचंद ने कहा कि मामले की सूचना मिलते ही टीम को भेजा गया और आग पर काबू पा लिया गया। एसपी ऊना दिवाकर शर्मा ने कहा कि पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। स्थानीय लोगों से पूछताछ की जा रही है।