शिमला-चंडीगढ़ मार्ग पर करीब 30 किलोमीटर का हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। भरमौर-पठानकोट राष्ट्रीय उच्च मार्ग राष्ट्रीय उच्च मार्ग के केरू पहाड़ पर भारी भरकम भूस्खलन होने से बाधित है। मंगलवार को भी प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में कई मकानों के गिरने के सूचना है।
प्रदेश में परिवहन व्यवस्था अभी तक पटरी पर नहीं लौट पाई है। प्रदेश में बसों के 868 रूट प्रभावित हैं। इनमें ज्यादातर रूट ग्रामीण क्षेत्रों के हैं। अप्पर शिमला, पांवटा और धर्मशाला के लिए सुबह ट्रायल के तौर पर बसें भेजी गईं।
भू-स्खलन के चलते कई बसें सड़कों में फंसी हैं। एचआरटीसी प्रबंधन ने चालकों और परिचालकों को बस चलाते वक्त किसी तरह का जोखिम न लेने के निर्देश दिए हैं।
परिवहन निगम के 27 डिपो में 30 से 35 रूट प्रभावित हुए हैं। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना में बनी कच्ची सड़कों पर आगामी दो दिन बाद ही परिवहन सेवाएं शुरू हो सकेंगी।
लोक निर्माण विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक शिमला जोन की सर्वाधिक 192 सड़कें बंद हैं, जबकि हमीरपुर जोन की 39, मंडी की 116 और कांगड़ा जोन की 148 सड़कें अभी भी यातायात के लिए बाधित हैं।
विभाग का दावा है कि मंगलवार को 428 के करीब सड़कों को वाहनों की आवाजाही के लिए खोल दिया है। सोमवार को हिमाचल में 923 सड़कें यातायात के लिए पूरी तरह बाधित थीं। परिवहन निगम के सीजीएम एचके गुप्ता ने बताया कि जैसे-जैसे सड़कें बहाल हो रही हैं, उनमें बसें चलाई जा रही हैं।
लोक निर्माण विभाग ने सड़कें बहाल करने के लिए 624 मशीनरियां लगाई हैं। कर्मचारियों और अफसरों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। शिमला जोन में 265 डोजर और जेसीबी, हमीरपुर में 178, मंडी और कांगड़ा में 82-82 मशीनरियों से मलबा हटाया जा रहा है।
विश्व धरोहर कालका-शिमला हेरिटेज मार्ग पर मंगलवार को भी रेल सुविधा पर्यटकों को नहीं मिल पाई। टॉय ट्रेन भी नहीं चली। ट्रैक और सुरंगें मलबे से भरी हुईं हैं। मलबा हटाने का काम चल रहा है। सनावरा, बड़ोग, धर्मपुर के पास अधिक मलबा गिरने से मार्ग को ठीक नहीं किया जा सका है।
बुधवार से ट्रेनें सुचारु हो सकती हैं। करीब दस वर्ष पहले इस मार्ग को इतने दिनों तक बंद रखना पड़ा था। स्टेशन अधीक्षक दिनेश शर्मा ने बताया कि मंगलवार को भी सभी ट्रेनों को बोर्ड ने रद्द किया है।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 16 और 17 अगस्त के लिए जारी भारी बारिश की चेतावनी को रद्द कर दिया है। अब हल्की बारिश की संभावना जताई है। प्रदेश में 20 अगस्त तक बारिश का दौर जारी रहने का पूर्वानुमान है।