अमर उजाला ब्यूरो
शिमला।
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने प्रवास के दौरान शिमला शहर की जनता को हो रही परेशानियों पर चिंता जताई है। सूत्रों के अनुसार उन्होंने प्रदेश सरकार को कहा है कि उनके दौरे से अगर आम जनता दिक्कत में है तो उनके आने का औचित्य ही क्या है। अव्यवस्थाओं को देखकर उन्होंने नाराजगी जताई और सरकार को निर्देश दिए हैं कि जब उनकी मूवमेंट हो तो आम जनता को परेशानी न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाए।
रविवार शाम को रिट्रीट से राजभवन आने और जाने के दौरान शहर के लोगों और सैलानियों को जाम में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। रात साढ़े नौ बजे तक शहर की कुछ ऐसी सड़कें भी सील रखी गई थीं, जहां से राष्ट्रपति का काफिला गुजरना ही नहीं था। जिसे अमर उजाला ने सचित्र छापा था।
सड़कें सील होने के कारण शहर के लोगों को गाड़ियां बीच रास्ते में पार्क कर अंधेरे में पैदल घरों तक पहुंचना पड़ा। राष्ट्रपति का काफिला गुजरते समय सड़कों पर पैदल चल रहे लोगों को भी पुलिस ने इधर-उधर खदेड़ दिया। इतना ही नहीं, जगह-जगह सड़कें बंद होने के कारण सैलानियाें को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। राष्ट्रपति के दौरे को लेकर राजधानी में जिला और पुलिस प्रशासन की पोल खुलकर रह गई है। नगर निगम शहर के लोगों को पीने के लिए पानी उपलब्ध नहीं करवा पा रहा और रविवार को शहर की सड़कें पानी से धोई गईं, जहां से राष्ट्रपति को गुजरना ही नहीं था।
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