उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष कुल 11413.99 लाख रुपये मूल्य की 9302.44 मीट्रिक टन मछली का उत्पादन निजी और मत्स्य पालन विभागीय के फार्मों में किया गया। इस दौरान 546.31 लाख कार्प बीज और 15.118 लाख ट्राउट बीज का उत्पादन निजी और विभागीय फार्म में किया गया।
287.48 लाख रुपए मूल्य का 141.668 लाख मछली बीज इस अवधि के दौरान राज्य के जलाशयों में इकट्ठा किया गया। मंत्री के अनुसार राज्य के 12,650 किसानों और मछुआरों को प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत शामिल किया है।
मत्स्य विभाग ने 20 हेक्टेयर मछली तालाब, 110 ट्राउट इकाइयां, 11 ट्राउट हैचरी, 4 फीड मिलें और 3 खुदरा दुकानों के निर्माण का प्रस्ताव किया है। इन सभी ट्राउट इकाइयों और मछली तालाबों में मछली बीज एकत्रित किया जाएगा।
विभाग राज्य के जलाशयों से 800 मछुआरों को 800 गिल नेट भी वितरित करेगा। प्रदेश ने मछली बाजार सूचना प्रणाली के तहत मछली उत्पादों की ऑनलाइन बिक्री और खरीद की दिशा में पहल की है। यह एक ऑनलाइन पोर्टल है जहां खरीदार अपनी मांग रख सकते हैं और विक्रेता अपने उत्पादों को प्रदर्शित कर सकते हैं।