कई सारी महिलाएं ऐसी हैं, जो एक उम्र के बाद हार मानने लगती हैं। 35-40 के बाद वे अपने जीवन में उम्मीदों को खोने लगती हैं। ऐसी महिलाओं के लिए भारत में कई महिलाएं ऐसी हैं, जो कि उदाहरण के रूप में सामने आती हैं। ये वे महिलाएं हैं जिन्होंने उम्र को महज एक संख्या समझा और संपूर्ण विश्व को बता दिया कि किसी भी उम्र में कुछ भी यदि ठान लो तो असंभव नहीं है। आइए जानते हैं इन महिलाओं के बारे में।
प्रेमलता अग्रवाल
प्रीति पाटकर
57 वर्षीय प्रीति पाटकर कई लोगों की आदर्श हैं। इनके द्वारा प्रेरणा नामक संस्था शुरू की गई जो कि यौन-शोषण और तस्करी के शिकार बच्चों की सुरक्षा करती है। साथ ही वे मुंबई के लाल बत्ती इलाके में काम कर रही महिलाओं के बच्चों का तो ध्यान रखती ही हैं, उनकी शिक्षा के लिए भी काम करती हैं। प्रीति पाटकर को जानने वाले सभी लोग उन्हें ताई कहकर बुलाते हैं।
प्रतिमादेवी