वहां काम करने वाली एक महिला रेफका अल हमाल्वी बताती हैं - "इन प्रोडक्ट्स को बनाते वक्त हमको ऐसा लगता है, जैसी कि हम जमीन से जुड़े हुए हैं। इस काम को करने में किसी भी तरह का एडिटिव्स का प्रयोग नहीं किया जाता है।"
आपको बता दें कि गाजा की ये महिलाएं 17 प्रकार के ब्यूटी प्रोडक्ट्स को बना रही हैं। इसमें ब्रांड सीजी के तहत क्लींजर और बॉडी वॉश भी शामिल है। हमाल्वी कहती हैं - "अक्सर ये सब चीजें यूरोपियन देशों में किया जाता है। इस काम को यहां पर इन महिलाओं द्वारा करना काफी गर्व की बात है।" इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना है। इसके अलावा उनकी अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना है।
इस काम को करने के लिए उन्हें ऑस्ट्रेलिया और ग्लोबल चैरिटी ऑक्सफैम का समर्थन भी प्राप्त है। गाजा में काफी बेरोजगारी है। इस कारण इस प्रोजेक्ट के शुरू होने से पहले वहां कि महिलाएं पुदीना और थाइम की खेती करके उसे स्थानीय बाजारों में बेच देती थी। अब फैक्ट्री के खुल जाने की वजह से वे सुबह 5 बजे पहुंच जाती हैं और दिन में 40 से 50 किलो के ऑर्डर को पूरा करती हैं।