Anna Rajam Malhotra: भारत को आजाद कराने में कई वीर सपूतों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का योगदान रहा। इनमें महिलाएं भी शामिल थीं, जिन्होंने अंग्रेजी हुकूमत से देश को स्वतंत्र कराने के लिए अपने प्राण तक न्योछावर कर दिए। रानी लक्ष्मीबाई से लेकर सरोजिनी नायडू तक कई महिला नायिकाओं का नाम इतिहास में दर्ज है। आजादी के बाद भारत एक लोकतांत्रिक राष्ट्र बना। इसके बाद से देश में विकास होना शुरू हुआ। भारत के विकास में महिलाओं का भी योगदान है। देश के विकास के साथ ही महिलाओं की स्थिति भी समाज के हर क्षेत्र में मजबूत हुई।
जवाहरलाल नेहरू के निधन के बाद आजाद भारत को इंदिरा गांधी के रूप में पहली महिला प्रधानमंत्री मिली। सरोजिनी नायडू भारतीय राज्य की पहली महिला गवर्नर नियुक्त हुईं। इसी तरह कई महिलाएं राजनीति से प्रशासन, रक्षा विभाग से खेल जगत तक पुरुषों के कंधे से कंधा मिलाकर चलती आ रही हैं। आजादी के बाद पहली बार प्रशासनिक सेवा में एक महिला शामिल हुई थीं। यह आजाद भारत की पहली महिला आईएएस अफसर बनीं। आइए जानते हैं देश की पहली महिला आईएएस अफसर के बारे में
कौन हैं देश की पहली महिला आईएएस अफसर?
आजाद भारत की पहली महिला आईएएस अफसर का नाम अन्ना राजम मल्होत्रा है। अन्ना राजम मल्होत्रा 1951 में भारतीय सिविल सेवा परीक्षा में शामिल हुईं और इस जटिल परीक्षा को पास करके देश की पहली महिला अफसर बन गईं।
अन्ना राजम मल्होत्रा का जीवन परिचय
महिला अधिकारी अन्ना राजम मल्होत्रा का जन्म केरल में हुआ था। 17 जुलाई 1924 को केरल के एर्नाकुलम जिले में जन्मी अन्ना राजम मल्होत्रा की शुरुआती शिक्षा कोझिकोड से हुई। चेन्नई स्थित मद्रास विश्वविद्यालय से आगे की पढ़ाई पूरी करने के बाद अन्ना राजम मल्होत्रा ने प्रशासनिक सेवा में जाने का फैसला लिया और सिविल सेवा की तैयारी शुरू कर दी।
अन्ना राजम मल्होत्रा का करियर
1951 में संघ प्रशासनिक सेवा की परीक्षा पास करके अन्ना राजम मल्होत्रा देश की पहली महिला आईएएस अधिकारी बन गईं। इतिहास में उनका नाम आजाद भारत की पहली महिला आईएएस अफसर के तौर पर दर्ज हो गया है। बाद में अन्ना राजम ने मद्रास कैडर से ट्रेनिंग ली। अपने सेवा काल में देश के दो प्रधानमंत्रियों और सात मुख्यमंत्रियों के साथ अन्ना राजम मल्होत्रा ने काम किया।
1982 में दिल्ली में हुए एशियाई खेलों की प्रभारी के तौर पर अन्ना राजम मल्होत्रा ने कार्य किया। साथ ही केंद्रीय गृह मंत्रालय में भी अपनी सेवा दी। रिटायरमेंट के बाद अन्ना राजम मल्होत्रा ने प्रसिद्ध होटल लीला वेंचर लिमिटेड के डायरेक्टर पद पर कार्य किया। उन्होंने 1989 में भारत सरकार ने पद्म भूषण अवार्ड से सम्मानित किया।