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भारतीय मूल की आकांक्षा पेश कर रही हैं संयुक्त राष्ट्र के सेक्रेटरी जनरल पद की दावेदारी 

Sat, 03 Apr 2021 08:24 AM IST
तेजस्वी मेहता लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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संयुक्त राष्ट्र के 75 साल के इतिहास में कोई भी महिला सेक्रेटरी जनरल नहीं रही हैं - फोटो : Social Media
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भारतीय मूल की आकांक्षा अरोड़ा ने संयुक्त राष्ट्र में महासचिव पद के लिए दावा पेश किया है, जिसके बाद सोशल मीडिया पर भारत से लगातार मिल रहे समर्थन के लिए आकांक्षा ने एक वीडियो शेयर कर भारत का धन्यवाद किया है। आकांक्षा ने वीडियो में कहा है कि "नमस्ते इंडिया। मैं यूएन की सेक्रेटरी जनरल के चुनाव के लिए खड़ी हुई हूं। मैं पहली युवा और महिला प्रतिभागी हूं इस चुनाव के लिए। संयुक्त राष्ट्र के 75 साल के इतिहास में कोई भी महिला सेक्रेटरी जनरल नहीं रही हैं। उम्मीद है इस साल हम पहली महिला सेक्रेटरी जनरल देखेंगे। 

गुटेरेस के खिलाफ पेश की है दावेदारी

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34 साल की आकांक्षा यूनाइटेड नेशन डेवलपमेंट प्रोग्राम में ऑडिट कोऑर्डिनेटर के पद पर हैं। वह पहली उम्मीदवार हैं, जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के खिलाफ दावेदारी का ऐलान किया है। गुटेरेस पहले ही अपने दूसरे कार्यकाल के लिए उम्मीदवारी की घोषणा कर चुके हैं।

 वीडियो से भारत को दिया है धन्यवाद
आकांक्षा ने 9 फरवरी को अपना पहला ढाई मिनट का एक कैंपेन वीडियो शेयर किया था। इसमें वह कह रही थीं कि मेरे साथ के लोग इस तरह के पद के लिए दावेदारी नहीं करते हैं। हम अपनी बारी का इंतजार करते हैं। कुछ पाना नहीं चाहते। काम पर जाते हैं। अपना सिर झुकाते हैं, और दुनिया के तौर-तरीकों को ही अपना लेते हैं। हाल ही में आकांक्षा ने फिर से एक वीडियो शेयर कर भारत का धन्यवाद किया और है।

यह समय नए संयुक्त राष्ट्र का है

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आकांक्षा ने अपने पुराने वीडियो में बताया है कि उनसे पहले जो लोग आए हैं, वह सभी संयुक्त राष्ट्र की जवाबदेही को लेकर नाकाम रहे हैं। 75 साल हो गए, लेकिन दुनिया से किए वादे संयुक्त राष्ट्र ने पूरे नहीं किए हैं। रिफ्यूजी सुरक्षित नहीं हैं। मानवीय सहायता पर्याप्त नहीं है। इनोवेशन और तकनीक भी पुराने हो गए हैं। हम एक प्रगतिशील संयुक्त राष्ट्र चाहते हैं। इसलिए मैंने इस पद के लिए दावेदारी की है। आकांक्षा ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र को नेताओं की सेवा करने के बजाय लोगों की सेवा करना होगा। यह नए संयुक्त राष्ट्र का समय है। कोई भी काम नामुमकिन नहीं है।

भारत और कनाडा दोनों की है नागरिकता
आकांक्षा अरोड़ा का जन्म भारत में हुआ था। उनके पास भारत और कनाडा की नागरिकता है। उन्होंने टोरंटो की यॉर्क यूनिवर्सिटी से एडमिनिस्ट्रेटिव स्टडी से ग्रेजुएशन किया। कोलंबिया यूनिवर्सिटी से पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में मास्टर किया। संयुक्त राष्ट्र में उनका काम फाइनेंशियल रूल्स और रेगुलेशन बनाना है। उनके पास यूएनडीपी इंटरनल और एक्सटर्नल ऑडिट की देखरेख की जिम्मेदारी भी है।

 

 

 

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