विशेषज्ञों के अनुसार, काले गेहूं में पाया जाने वाला एंथोसाइनीन एक प्राकृतिक एंटीऑक्सीडेंट और एंटीबायोटिक है, जो कोलेस्ट्रॉल, मोटापा, डायबिटीज, हार्ट अटैक, कैंसर, घुटनों के दर्द और एनीमिया जैसी बीमारियों में लाभकारी है।
गुजरात सीमा से सटे आबूरोड शहर सहित विभिन्न क्षेत्रों में किसान गेहूं की खेती के क्षेत्र में नया प्रयोग कर रहे हैं। आज हम विभिन्न प्रकार के औषधीय गुणों से भरपूर काले गेहूं की खेती की बात कर रहे हैं। यह काला गेहूं, कोलेस्ट्रॉल, मोटापा, डायबिटीज एवं हार्ट रोगियों के लिए वरदान है। इस कारण इसकी बाजार में भारी मांग रहती है।
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आबूरोड की बात करें तो सांतपुर गांव के चारणियाफली स्थित एसके फार्म हाउस पर बीते तीन साल से काले गेहूं की खेती की जा रही है। सबसे पहले आधा बीघा में इसकी बुआई की गई थी। इस बार ढाई बीघा में काले गेहूं उगाए गए हैं। यहां इस गेहूं को बिना किसी केमिकल या रासायनिक खाद के उगाया जाता है। फार्म हाउस मैनेजर गणेश आचार्य ने बताया कि दीपावली के बाद नवंबर पहले सप्ताह से दूसरे सप्ताह में इस काले गेहूं की बुआई की जाती है तथा अप्रैल दूसरे सप्ताह के बाद इसकी कटाई करते है। एक बीघा में 8 क्विंटल तक काले गेहूं की पैदावार होती है, जबकि सफेद गेहूं की पैदावार 10 क्विंटल तक होती है। जहां सफेद गेहूं 30 से 35 रुपये किलोग्राम में बिकता है वहीं काला गेहूं के लोग 100 से 110 रुपये प्रति किलोग्राम भाव दे रहे हैं।
कोलेस्ट्रॉल, मोटापा, डायबिटीज एवं हार्ट रोगियों के लिए है बेहद फायदेमंद
सेवानिवृत जिला आयुर्वेद अधिकारी वैध दामोदर प्रसाद चतुर्वेदी ने बताया कि काला गेहूं स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद है। काले गेहूं में पाए जाने वाला एंथोसाइनीन एक नेचुरल एंटी ऑक्सीडेंट और एंटीबायोटिक है। जो हार्ट अटैक, कैंसर, शुगर, मानसिक तनाव, घुटनों में दर्द, एनीमिया जैसे रोगों में काफी फायदेमंद होता है। काले गेहूं रंग और स्वाद में सामान्य गेहूं से थोड़ा अलग होते हैं, लेकिन बेहद पौष्टिक होते हैं। काले गेहूं में आम गेहूं की तुलना आयरन ज्यादा होता है। इस गेहूं के आटे की रोटी खाने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। इसके साथ ही सफेद गेहूं की तुलना में काले गेहूं में शुगर कंटेट कम होते हैं और आयरन की मात्रा अधिक होती है। काले गेहूं में मैग्नेशियम, एंटी ऑक्सीडेंट और फाइबर की मात्रा भी अधिक होती है, जो हृदय और स्वास्थ्य के लिए लाभदायक रहती है। काला गेहूं गर्भवती महिलाओं और डायबिटिक मरीजों के लिए अधिक फायदेमंद होता है।