राजस्थान कांग्रेस के नेताओं ने मंगलवार को पार्टी की अध्यक्ष सोनिया गांधी के साथ मुलाकात की। इस बैठक के बाद सचिन पायलट ने कहा कि पिछले दो दशकों से कांग्रेस ने मुझे जो भी जिम्मेदारी दी है, मैंने वह खुशी-खुशी निभाई है। लेकिन हमारी प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि साल 2023 के विधानसभा चुनाव में हम फिर से जीत हासिल करें।
वहीं, इस बैठक के बाद राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष के साथ बैठक में हमने विभिन्न राजनीतिक मुद्दों पर विचार-विमर्श किया। मुख्य मुद्दा महंगाई का रहा जिसे नियंत्रित कर पाने में केंद्र सरकार पूरी तरह से असफल साबित हुई है। डोटासरा ने कहा कि हम महंगाई के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार को घेरेंगे।
उल्लेखनीय है कि बीते शनिवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के मंत्रिमंडल के सभी मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद अगले दिन यानी रविवार को ही नए मंत्रिमंडल का शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित हुआ था। नए मंत्रिमंडल में कुल 15 मंत्रियों ने शपथ ली थी। नए मंत्रिमंडल में सचिन पायलट के समर्थक पांच विधायकों को मंत्री पद दिया गया है।
मोदी सरकार पर किसानों का अविश्वास खत्म नहीं होगा: पायलट
वहीं, कृषि कानूनों को वापस लेने के केंद्र सरकार के एलान पर पायलट ने कहा कि कानूनों को निरस्त करने के बावजूद मोदी सरकार के प्रति किसानों का अविश्वास खत्म नहीं होगा। उन्होंने कहा कि आगामी चुनावों में भाजपा को इसके नतीजे भुगतने पड़ेंगे। उन्होंने कहा कि केंद्र को उपज की खरीद सुनिश्चित करने के लिए भी कोई कानून बनाना चाहिए।