चुनाव में जीत हासिल करने के बाद अक्सर देखा जाता है कि जीता हुआ प्रत्याशी मतदाताओं को आभार जताने के लिए आयोजन रखता है। लेकिन राजस्थान के जोधपुर में एक ऐसा मामला सामने आया है, जहां हारे हुए उम्मीदवार ने सभी ग्रामीणों को धन्यवाद जताने के लिए सभा का आयोजन किया।
इस कार्यक्रम में शामिल होने आए ग्रामीण हारे हुए प्रत्याशी की इस दरियादिली को देखकर अभिभूत हो गए। इसके बाद उन्होंने हारे हुए प्रत्याशी के मनोबल को बनाए रखने के लिए 21 लाख रुपये की आर्थिक सहायता भेंट की। वहीं, अब हर जगह इस आयोजन की चर्चा हो रही है।
देखते ही देखते जमा हुए 21 लाख रुपये
दरअसल, जोधपुर के पीपाड़ तहसील के नानण गांव में पंचायत चुनाव में मुकुंद देवासी को सुंदरी देवी से केवल 84 वोटों से हार मिली। इससे उनका मनोबल खासा नीचे गिर गया, लेकिन हार के बावजूद देवासी खुद को मिले जनसमर्थन के कारण मतदाताओं के लिए कुछ करना चाह रही थीं। इसके लिए उन्होंने एक धन्यवाद सभा का आयोजन किया। इसमें भोज की भी व्यवस्था की गई। वहीं, इसमें शामिल होने आए लोग देवासी के इस भाव को देखकर अभिभूत हो गए। उन्होंने देवासी को आर्थिक मदद देने की बात की। इसके बाद देखते-देखते ही वहां पर ग्रामीणों ने 21 लाख रुपये जमा कर लिए।
निवर्तमान सरपंच ने दिए एक लाख 11 हजार रुपये
यहां गौर करने वाली बात यह है कि गांव के निवर्तमान सरपंच भानाराम ने भी एक लाख 11 हजार रुपये की मदद की। वहीं, मुकुंद देवासी के पारिवारिक मित्र श्याम चौधरी ने पांच लाख 51 हजार रुपये की मदद की। राशि इकट्ठा होने के बाद गांव के वरिष्ठ लोगों ने मुकुंद देवासी को यह राशि भेंट की।
गाने-बाजे के साथ हुआ कार्यक्रम
इस कार्यक्रम का नजारा किसी विवाह समारोह की तरह था। इस कार्यक्रम का आयोजन गाने-बाजे के साथ हुआ। पराजित प्रत्याशी और उसके परिजन भी ग्रामीणों से मिले इस स्नेह के कारण काफी अभिभूत नजर आए। इस दौरान वार्ड पंचों ने प्रत्याशी मुकुंद देवासी का माल्यार्पण भी किया।