केंद्र सरकार द्वारा हिट एंड रन को लेकर लाए गए कानून को काला कानून बताते हुए रोडवेज कर्मियों ने चक्काजाम कर प्रदर्शन किया। चक्काजाम किए जाने के बाद राजस्थान के भरतपुर, जयपुर और दूसरे जिलों में जाने वाली बसों के साथ ही उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश की ओर जाने वाली बसों के पहिए भी रुक गए।
बस स्टैंड पर प्रदर्शन करते हुए रोडवेज कर्मचारियों ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा लाया गया कानून पूरी तरह से गलत है। इससे ड्राइवरों को भारी परेशानी होगी। धौलपुर में प्रदर्शन करते हुए रोडवेज कर्मियों ने केंद्र सरकार से कानून को वापस लेने की मांग की है। रोडवेज के चालकों ने कहा कि सरकारों द्वारा पहले से ही वेतन कम दिया जाता है ऊपर से काला कानून लाने के बाद चालकों का भविष्य खत्म हो जाएगा। रोडवेज के कर्मचारियों ने केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा, अगर बिल वापस नहीं लिया तो कर्मचारी आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
बीकानेर में भी असर
संसद में हुए कानूनों में संशोधन से हिट एंड रन कानून में बदलावों के फैसले का पूरे देशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। बीकानेर में भी इसका असर देखने को मिल रहा है। बीकानेर के श्रीडूंगरगढ़ इलाके में लखासर के नजदीक हाइवे पर कांटे रखकर, टायर जलाकर जाम लगा दिया गया है। जाम के चलते हाइवे के दोनों ओर वाहनों की कतार लगी है और मौके पर पुलिस पहुंच चुकी है। यहां मौजूद प्रदर्शनकारी नरेन्द्र मोदी और अमित शाह के विरोध में नारे लगा रहे हैं।प्रदर्शनकारियों को कहना है, कानून में किये गए कड़े प्रावधान में गरीब ड्राइवर्स को काफी दिक्कतें उठानी पड़ सकती है। ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस सहित अन्य संगठनों ने इसके विरोध में देशभर में प्रदर्शन शुरू किया है। संगठनों ने प्रधानमंत्री-गृहमंत्री को पत्र लिखकर सरकार के इस फैसले का विरोध जताया है। और यह प्रावधान वापस लेने का आग्रह किया है।