बाल कल्याण समिति के सदस्यों ने की काउंसलिंग।
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छत्तीसगढ़ की रहने वाली दसवीं कक्षा की स्कूल टॉपर छात्रा प्रेमी से मिलने के लिए घर से भाग आई। प्रेमी से मिलने जा रही छात्रा गलती से आगरा की जगह धौलपुर स्टेशन पर उतर गई। उसने अपने प्रेमी को कॉल किया तो उसका फोन बंद मिला, इससे परेशान छात्रा रोने लगी। चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम ने उसे देखा बाल कल्याण समिति सदस्य गिरीश गुर्जर और नरगिस शरीफी के सामने पेश किया।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष रवि पचौरी ने बच्ची की काउंसलिंग कर उसके और परिवार के बारे में जानकारी जुटाई। समिति ने बच्ची को सखी वन स्टाप सेंटर में प्रवेशित करवाया और परिजनों को धौलपुर बुलाया है। समिति अध्यक्ष पचौरी ने बताया कि छत्तीसगढ़ से माता-पिता के आने पर बालिका के हित को ध्यान में रखते निर्णय लिया जाएगा।
पैसे नहीं थे तो प्रेमी ने बंद कर लिया फोन
काउंसलिंग के दौरान बच्ची ने बताया कि छत्तीसगढ़ से ट्रेन में चढ़ने से पहले उसक प्रेमी से बात हुई थी। उसने छात्रा से पूछा था कि उसके पास खाने और किराए के लिए पैसे हैं। इस पर छात्रा ने कहा कि जल्दी में वह पैसे लेना भूल गई, यह सुनते ही उसके प्रेमी ने फोन बंद कर लिया। आगरा में प्रेमी के मिलने की बात सोचकर वह ट्रेन में बैठ गई, लेकिन गलती से धौलपुर उतर गई। यहां आकर उसने प्रेमी को कॉल लगाया तो उसका नंबर बंद बता रहा था।
पिता ने दर्ज कराया था अपहरण का केस
छात्रा के पिता छत्तीसगढ़ में खेती किसानी का काम करते हैं। पिता को बेटी के लापता होने की जानकारी मिली तो उन्होंने संबंधित थाने में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज करवाया था। पिता ने पुलिस को बताया था कि बेटी सुबह घर से स्कूल के निकली थी, लेकिन घर नहीं पहुंची है। आसपास पता करने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं लगा है। पिता की शिकायत पर केस दर्ज कर छग पुलिस बालिका की तलाश कर रही थी।