सरकारी विज्ञापन और पत्रिका में पाकिस्तानी हिंदू लड़की की तस्वीर छपने के बाद राजस्थान सरकार विवादों में घिर गई है।
राजीव गांधी किशोरी सशक्तिकरण योजना ‘सबला’ के प्रचार के लिए पाक से तीन साल पहले लापता लड़की की फोटो इस्तेमाल की गई थी। यही नहीं इसकी तस्वीर जन संपर्क विभाग की मासिक पत्रिका ‘सूजस’ में भी छपी है।
विवाद होते देख राजस्थान सरकार ने मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन कर दिया है।
बृहस्पतिवार को राजधानी सहित पूरे राजस्थान से यह बैनर व पोस्टर हटा लिए गए। राज्य में इस वर्ष के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं और राज्य सरकार फ्लैगशिप योजनाओं का जोर-शोर से प्रचार कर रही है।
महिला अधिकारिता विभाग की निदेशक रेखा गुप्ता ने कहा कि हम अपने रिकॉर्ड खंगालकर इस तस्वीर के बारे में विस्तृत जानकारी हासिल करने का प्रयास कर रहे हैं।
‘सूजस’ प्रधान संपादक और सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी (डीआईपीआर) लोकनाथ सोनी का कहना है कि डीआईपीआर को यह तस्वीर महिला एवं बाल विकास विभाग से मिली है। हमारा विभाग इस तस्वीर के बारे में पता लगा रहा है।
विज्ञापन में जिस लड़की का फोटो है, वह पाकिस्तान के सिंध प्रांत से 2010 में लापता हुई दो हिंदू लड़कियों में से एक है।
वर्ष 2010 से अब तक भारत सहित दुनिया के कई देशों के प्रमुख समाचार पत्र-पत्रिकाओं में अगवा लड़कियों की तस्वीरें कई बार छपी हैं।