सबसे पहले जानिए क्या है मामला?
27 जनवरी को जयपुर की हवामहल सीट से भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य गंगापोल में संचालित राजकीय बालिका सीनियर सेकेंडरी स्कूल के एक कार्यक्रम में मुख्य अतिथि बनकर गए थे। सोमवार को इस स्कूल में पढ़ने वालीं मुस्लिम समाज की छात्राएं सड़कों पर उतर आईं। उन्होंने सुभाष चौक थाने का घेराव कर विधायक बालमुकुंद के खिलाफ कार्रवाई की। छात्राओं ने आरोप लगया कि स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में आए विधायक आचार्य ने हिजाब को लेकर टिप्पणी की। उन्होंने स्कूल में भारत माता की जय और सरस्वती माता की जय के नारे लगाए थे। कुछ छात्राओं ने नारा नहीं लगाया तो इससे नाराज होकर विधायक ने हिजाब को लेकर गलत बातें कहीं।
क्या बोलीं हिंदू समाज की छात्राएं?
मंगलवार को हिंदू समाज की छात्राओं का एक वीडियो सामने आया, जिसमें उन्होंने विधायक के ऊपर लगे आरोपों को गलत बताया। उन्होंने कहा कि विधायक बालमुकुंद आचार्य ने कुछ भी गलत नहीं बोला था। छात्राओं का ने कहा कि स्कूल परिसर में एक मस्जिद बनी हुई है, जहां हर गुरुवार और शुक्रवार को चादर चढ़ाई जाती है। छात्राओं से हाथ फैलाकर प्रार्थना भी कराई जाती है। छात्राएं हाथ फैलाकर प्रार्थना नहीं करती हैं तो उन्हें स्कूल से बाहर निकाल दिया जाता है।
आरोप पर क्या बोले- भाजपा विधायक आचार्य
इस मामले को लेकर भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य ने बताया कि मैंने प्रिंसिपल से कहा था कि सरकारी स्तर पर स्कूल की एक ही यूनिफॉर्म है, फिर यहां दो तरह की यूनिफॉर्म क्यों हैं? उन्होंने कहा कि मामले में राजनीति करने वाले लोग कोई भी मुद्दा उछालकर राजनीति के लिए जगह निकाल रहे हैं।