अस्पताल में नवजात बच्ची का चल रहा इलाज।
- फोटो : अमर उजाला
राजस्थान के चूर के सरदारशहर से शनिवार को दिल दहला देने वाला मामला सामने आया। यहां कोई एक नवाजत बच्ची को कांटों में फंस गया। उसके रोने की आवाज सुनकर पहुंचे लोगों ने कांटों के बीच फंसी बच्ची को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचा। नवजात 12 घंटे तक कांटो में फंसी रही और उसे चींटियां काटती रहीं। जिससे उसके शरीर घाव भी हो गए हैं।
मामला सरदार शहर के पूनुसर गांव का है। यहां रहने वाले ओमप्रकाश जाट अैर राजू सिंह सुबह खेत पर जा रहे थे। इस दौरान उन्हें बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी, आसपास देखा तो कोई नजर नहीं आया। आवाज का पीछा करते हुए वह कांटों की झाड़ियों के पास पहुंचे तो उन्होंने देखा कि वहं एक नवजात बच्ची पड़ी हुई है। उसके शरीर पर एक भी कपड़ा नहीं था, चींटियां काट रहीं थीं। कांटों और चींटियों के काटने की वजह से शरीर पर जगह-जगह हुए घाव से खून निकल रहा था। दोनों ने तत्काल बच्ची झाड़ियों से बाहर निकाल और फिर दूध पिलाया। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया।
बिना कपड़ों के झाड़ियों में पड़े रहने से बच्ची की हालात गंभीर है। डॉक्टर उसका इलाज कर रहे हैं। उधर, ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। गांव में नवजात मिलने से संभावना जताई जा रही है कि आसपास के इलाके से ही उसे कोई यहां फेंक कर गया होगा।