घटनास्थल पर मौजूद पुलिसकर्मी मामले की जांच करते हुए
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राजस्थान के पुलिस महानिदेशक उमेश मिश्रा के निर्देश पर एडीजी क्राइम दिनेश एमएन कुचामन के लिए रवाना हो गए हैं। दो दलित युवकों की होटल पर झगड़े के बाद हुई हत्या के मामले में हत्यारों की होगी जल्द गिरफ्तारी कर मामले का खुलासा करने के निर्देश डीजीपी ने दिए हैं।
राजस्थान पुलिस के डीजीपी उमेश मिश्रा के मुताबिक नागौर के कुचामन के राणासर गांव के पास एक गाड़ी से कुचलकर की गई दो युवकों की हत्या के मामले में पुलिस ने तीन संदिग्ध आरोपियों को डिटेन कर लिया है। आरोपियों ने मृतक युवकों की बाइक को कई बार टक्कर मारी थी। इस कारण कुचलने से दो युवकों की मौत हो गई और एक घायल है। वारदात में गंभीर घायल युवक को जयपुर रेफर कर दिया गया है और इसका इलाज किया जा रहा है। इस वारदात में परबतसर के बिदियाद गांव के निवासी राजू और चुन्नीलाल की मौके पर मौत हो गई, जबकि तीसरा युवक कृष्णाराम गंभीर रूप से घायल है। पुलिस आईजी लता मनोज कुमार सहित कुचामन सिटी के आला पुलिस अफसर घटनास्थल पर मौजूद हैं। आरोपियों की तलाश के लिए पूरे क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज पुलिस खंगाल रही है। उम्मीद है जल्द ही आरोपी गिरफ्त में होंगे।
क्या है पूरा मामला ?
राणासर गांव के नजदीक कैम्पर गाड़ियों से कुचलकर दो युवकों की हत्या कर दी गई। जबकि एक युवक घायल है। हमले में गंभीर घायल युवक को कुचामन से जयपुर रैफर कर दिया गया है। मृतक युवक परबतसर के बिदियाद के निवासी हैं। जो मौलासर में आयोजित मेला देखकर लौट रहे थे। जिनकी रास्ते मे होटल और मामूली कहासुनी के बाद कैंपर गाड़ी चढ़ाकर हत्या कर दी गई। आरोपियों ने पीछाकर बाइक को बार बार टक्कर मारकर ये हमला किया। पुलिस ने मृतकों के शव कुचामन अस्पताल की मोर्चरी में रखवाए हैं। घटना को लेकर दलित समाज में भारी रोष है। एसपी प्रवीण कुमार नुनावत भी मौके पर हैं।
आरोपियों ने इतनी बेदर्दी से दलित युवकों पर को कुचला कि उनके शव बुरी तरह क्षत विक्षत हो गए। घटना में मृतक युवकों के हाथ पैर तक कट कर अलग हो गए। मृतकों की पहचान परबतसर क्षेत्र के बिदियाद गांव निवासी राजूराम और चुन्नीलाल के रूप में हुई है, जबकि घायल किशनाराम का गंभीर अवस्था में उपचार जारी है। पुलिस को मौके से हाईवे किनारे दोनों मृतकों के शव मिट्टी में पड़े मिले, जबकि वहीं पर दुर्घटनाग्रस्त बाइक भी पड़ी मिली। साथ मौके पर ही गाड़ियों के टायरों के निशान भी मिले। पुलिस ने बीती रात को ही आरोपियों को पकड़ने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया था। दूसरी और घटना को लेकर दलित समाज में भारी आक्रोश व्याप्त हो गया। भारी संख्या में दलित समाज के लोग कुचामन के राजकीय अस्पताल के बाहर एकत्रित हो गए और घटना को लेकर आक्रोश जताया। साथ ही आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। फिलहाल स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है।