राजस्थान के कोटा में छात्रा की हत्या करने के मामले में गिरफ्तार आरोपी गौरव जैन से पूछताछ में कई अहम खुलासे हुए हैं। पुलिस के मुताबिक, गौरव जैन ने एकतरफा प्रेम के चलते छात्रा की हत्या कर दी थी। पुलिस ने बताया कि गौरव जैन छात्रा से प्रेम करने लगा था। उसने पहले ही योजना बना रखी थी कि अगर नाबालिग ने उसके प्रस्ताव को नहीं माना तो वह उसकी हत्या कर देगा।
एकतरफा प्रेम में की हत्या
पुलिस ने बताया कि बातों-बातों में उसने नाबालिग से पता लगा लिया था कि 13 फरवरी को उसके घरवाले शादी में जाएंगे। इसलिए उसने तय कर लिया था कि उसी दिन उसे प्रपोज करेगा और अगर वह नहीं मानी तो उसे मार डालेगा। हत्या के बाद पुलिस से बचने के लिए भी गौरव ने महिला का भेष बनाकर फरार होने की योजना पहले ही बना रखी थी। इस लिए कई दिनों से यूट्यूब पर देखकर वह महिला का भेष बनाना सीख भी रहा था। इसके लिए उसने मेकअप किट, महिलाओं के नकली बाल, कपड़े और जूते सभी शामिल थे। 13 तारीख को उसने छात्रा को प्रपोज किया और जब वह नहीं मानी तो उसकी हत्या कर दी।
फरार होने का भी पहले ही बना रखा था प्लान
पुलिस ने बताया कि घटना से एक दिन पहले ही गौरव ने मीनाक्षी के नाम से बस का टिकट भी बुक करा लिय़ा था। उसने भागने के भी 2 प्लान बना रखे थे। पहला बस दूसरा ट्रेन से फरार होने का।
हत्या करने से पहले गौरव ने पुलिस की शैली का भी अध्ययन किया था। हत्या करने के बाद उसने पुलिस को छकाने के इरादे से वह अपने घर से स्कूटर पर निकला, ताकि वो सीसीटीवी में आ सके। फिर वो पेट्रोल पंप पर पेट्रोल डलाने के लिए रुका और जानबूझकर कर पाटन का रास्ता पूछा, जिससे पुलिस उसको पाटन की तरफ ही खोजे। उसने पाटन के गामछ में स्कूटर खड़ा कर महिला का भेष बदला। वहां से वापस कोटा वह लिफ्ट लेकर आया क्योंकि उसे पता था कि पुलिस वापसी के सीसीटीवी नहीं देखेगी। घटना की छानबीन के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी तो देखा पर चूंकि वो महिला के भेष में था इसलिए पुलिस पहचान नहीं पाई और गौरव फरार हो गया। फिलहाल पुलिस अधिकारी उससे और पूछताछ कर रहे हैं।
जानें...क्या है पूरा मामला
कोटा के कोतवाली क्षेत्र में रहने वाली 14 साल की बच्ची आरोपी गौरव जैन के पास ट्यूशन पढ़ने जाती थी। 14 फरवरी को भी वह ट्यूशन पढ़ने के लिए गई थी, लेकिन समय पर घर नहीं पहुंची। इससे परेशान उसके पिता गौरव जैन के घर गए, लेकिन वहां ताला लगा था। इस दौरान पिता ने बच्ची की चप्पलें घर के बरामदे में पड़ी देखीं तो उन्होंने आरोपी गौरव की मां को फोन कर घर बुलाया। उनके आने के बाद पिता ने गौरव के कमरे का ताला खोलकर देखा तो उनकी बेटी फंदे पर लटकी हुई थी। उसे खिड़की से बांधकर लटकाया गया था और उसके हाथ-पैर भी रस्सी से बंधे थे। इस हत्याकांड के खुलासे के लिए पुलिस की 30 टीमें बनाई गई थी।
घटना के आठ दिन बाद पुलिस ने किया गिरफ्तार
राजस्थान के कोटा में छात्रा की हत्या करने वाले आरोपी को पुलिस ने आठ दिन बाद गिरफ्तार कर लिया था । आरोपी गौरव जैन गुडगांव में अपनी बहन के यहां छिपकर रह रहा था। मासूम की हत्या के बाद से पुलिस उसकी तलाश के हर संभव प्रयास कर रही थी। उसके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश भी दी जा रही थी, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल रहा था।