जैसलमेर जिले के मोहनगढ़ क्षेत्र से एक बेहद चिंताजनक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक 35 वर्षीय विवाहिता ने मानसिक तनाव के चलते आत्मघाती कदम उठाने की कोशिश की। महिला ने पहले अपने ही घर के कमरे में खुद को बंद कर आग लगा ली और इसके बाद भी उसकी हालत इतनी अस्थिर थी कि वह बाहर निकलते ही सड़क की ओर भागी और एक ट्रक के आगे कूदने का प्रयास किया। हालांकि मौके पर मौजूद ग्रामीणों की तत्परता से उसकी जान बचाई जा सकी।
कमरे में खुद को बंद कर लगाई आग
जानकारी के अनुसार, महिला गुरुवार को घर में अकेली थी। इसी दौरान उसने घर के मंदिर में जल रहे दीपक से अपने कपड़ों में आग लगा ली। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और कमरे में रखा बिस्तर, कपड़े तथा अन्य घरेलू सामान भी आग की चपेट में आ गया।
घर के बाहर खेल रहे बच्चों ने जब अंदर से महिला की चीख-पुकार सुनी, तो तुरंत पड़ोसियों को इसकी सूचना दी। पड़ोसी तुरंत मौके पर पहुंचे और दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे। काफी मशक्कत के बाद महिला को बाहर निकाला गया और आग बुझाने का प्रयास किया गया।
बाहर निकलते ही सड़क की ओर भागी
ग्रामीणों ने जैसे-तैसे महिला को आग से बचा लिया, लेकिन उसकी मानसिक स्थिति उस समय बेहद अस्थिर थी। बाहर निकलते ही वह बदहवास हालत में सड़क की तरफ दौड़ी और वहां से गुजर रहे एक ट्रक के सामने कूदने की कोशिश की।
मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत दौड़कर महिला को पकड़ लिया और इस दूसरी बड़ी दुर्घटना को टाल दिया। यदि कुछ सेकंड की भी देरी होती, तो मामला और गंभीर हो सकता था।
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108 एम्बुलेंस से पहुंचाया अस्पताल
घटना के तुरंत बाद ग्रामीणों ने 108 एम्बुलेंस को सूचना दी। एम्बुलेंस मौके पर पहुंची और गंभीर रूप से झुलसी महिला को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार महिला की हालत नाजुक बनी हुई है। इस घटना में महिला के घर को भी भारी नुकसान हुआ है। आग लगने से कमरे में रखा अधिकांश सामान जलकर राख हो गया। परिवार को आर्थिक रूप से भी बड़ा झटका लगा है।
मानसिक अवसाद से जूझ रही थी महिला
मोहनगढ़ थाना अधिकारी बाबूराम डेलू ने बताया कि महिला लंबे समय से डिप्रेशन से पीड़ित थी और उसका इलाज भी चल रहा था। उसके पति कस्बे में चाय का ठेला लगाकर परिवार का पालन-पोषण करता है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अस्पताल पहुंची और परिजनों से पूछताछ शुरू की। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि महिला द्वारा उठाया गया यह कदम केवल मानसिक अवसाद का परिणाम था या इसके पीछे कोई पारिवारिक या अन्य कारण भी जुड़े हुए हैं।