एक ही परिवार के पांच सदस्यों की मौत
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जैसलमेर–जोधपुर हाईवे पर मंगलवार दोपहर हुई बस आगजनी की दर्दनाक घटना ने कई घरों के चिराग बुझा दिए। इस भीषण हादसे में जोधपुर जिले के सेतरावा क्षेत्र के लवारन गांव निवासी महेंद्र मेघवाल का पूरा परिवार मौत की लपटों में समा गया।
मिली जानकारी के अनुसार महेंद्र मेघवाल जैसलमेर के गोला-बारूद डिपो में कार्यरत थे और अपने परिवार के साथ इंद्रा कॉलोनी, जैसलमेर में किराए के मकान में रहते थे। मंगलवार को वे किसी निजी कार्य से पत्नी और तीन छोटे बच्चों के साथ जोधपुर जा रहे थे, लेकिन किसे पता था कि यह सफर उनका आखिरी साबित होगा।
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थईयात गांव के पास अचानक बस में आग लग गई और देखते ही देखते मौत की लपटों ने सभी यात्रियों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में महेंद्र, उनकी पत्नी और तीनों मासूम बच्चे मौके पर ही जलकर असमय मौत के शिकार हो गए।
हादसे के बाद सेतरावा का लवारन गांव सदमे में है। जहां कभी इस परिवार के बच्चों की किलकारियां गूंजती थीं, वहां अब सिर्फ मातम का सन्नाटा है। पड़ोसी और रिश्तेदारों की आंखों से आंसू थम नहीं रहे हैं।