सार
वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से राजस्थान के कई जिलों में मौसम बदला, बारिश और तेज हवाएं चलीं। तापमान में गिरावट आई और गर्मी से राहत मिली। जैसलमेर में बारिश से फसलों को नुकसान हुआ, जबकि कुछ क्षेत्रों में हल्की ठंडक महसूस की गई।
राजस्थान में लगातार सक्रिय हो रहे वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के चलते मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। शनिवार को नया सिस्टम एक्टिव होने के बाद जैसलमेर, बाड़मेर और श्रीगंगानगर सहित सीमावर्ती जिलों में बारिश और तेज हवाओं का असर दिखा, जिससे गर्मी पर ब्रेक लग गया।
पिछले 24 घंटों में बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, श्रीगंगानगर और फलोदी क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। जैसलमेर के रामगढ़ और कुछड़ी इलाकों में तेज बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया, जिससे कटी हुई फसलों को नुकसान हुआ।
मौसम में बदलाव के चलते पश्चिमी राजस्थान में तापमान में गिरावट आई है। बाड़मेर में अधिकतम तापमान 32.2 डिग्री सेल्सियस , जैसलमेर में 31.4 डिग्री सेल्सियस और जोधपुर में 32.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं जयपुर में अधिकतम तापमान 28.6 डिग्री सेल्सियस रहा, जहां दोपहर बाद बादल छाए रहे।
सीकर, अलवर, झुंझुनूं, अजमेर, कोटा और उदयपुर सहित कई जिलों में भी आंशिक बादल छाए और तापमान 27 से 31 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज हुआ। पाली में सबसे अधिक 32.9 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
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बारिश और ठंडी हवाओं के कारण रात के तापमान में भी गिरावट आई है। प्रदेश के अधिकांश शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज हुआ, जिससे हल्की ठंडक महसूस की गई।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, एक और कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है, जिसका असर 22 मार्च को जोधपुर, बीकानेर संभाग और शेखावाटी क्षेत्र में मेघगर्जन के साथ हल्की बारिश के रूप में देखने को मिल सकता है। इसके बाद अधिकांश क्षेत्रों में अगले 4-5 दिन मौसम शुष्क रहने की संभावना है।