राजधानी जयपुर में आरटीओ दस्ते पर ट्रक मालिक से मारपीट करने का गंभीर आरोप लगा है। आरोप है कि ओवरलोडिंग के नाम पर 50 हजार रुपए का चालान भरने को लेकर विवाद हुआ। जब ट्रक मालिक के परिजनों ने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू किया तो कथित तौर पर आरटीओ कर्मियों ने डंडों से हमला कर दिया। हमले में ट्रक मालिक का सिर फट गया, जबकि उसके बेटे को भी चोटें आईं। घटना के बाद घायल को एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया। मामले में कानोता थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है।
पुलिस के अनुसार बूंदी जिले के करवर गांव निवासी बबलू (20) ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। उसने बताया कि वह अपने पिता कालूराम और अन्य परिजनों के साथ ट्रक में खिलौने भरकर झारखंड जा रहा था। रविवार रात करीब 10:30 बजे हिंगोनिया टोल पार करने के कुछ ही देर बाद एक सफेद बोलेरो ने ट्रक के आगे आकर उसे रुकवा लिया।
परिवादी का आरोप है कि बोलेरो में सवार आरटीओ दस्ते के चार कर्मियों ने ट्रक को ओवरलोड बताते हुए 50 हजार रुपए का चालान भरने का दबाव बनाया। परिवार ने आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए राहत की मांग की, लेकिन बात नहीं बनी।
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रिपोर्ट के मुताबिक, जब परिजनों ने पूरे घटनाक्रम का मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू किया तो आरटीओ कर्मी भड़क गए। आरोप है कि उन्होंने डंडा निकालकर पहले मोबाइल तोड़ने की कोशिश की और फिर ट्रक मालिक व उसके बेटे के साथ मारपीट शुरू कर दी। डंडा लगने से कालूराम के सिर में गंभीर चोट आई और वह लहूलुहान हो गए।
परिजनों का आरोप है कि घटना के बाद आरटीओ दस्ता मौके से फरार हो गया। घायल कालूराम को एसएमएस अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका उपचार कराया गया। अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद सोमवार शाम कानोता थाने में आरटीओ कर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया।
पुलिस का कहना है कि एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। घटना के संबंध में आरटीओ दस्ते की भूमिका और लगाए गए आरोपों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।