राजस्थान सेवानिवृत्त पुलिस कल्याण संस्थान ने कैबिनेट मंत्री किरोड़ीलाल मीणा के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को ज्ञापन सौंपा। संस्थान ने मंत्री पर पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार करने और कानून व्यवस्था को कमजोर करने के आरोप लगाए हैं।
सेवानिवृत्त पुलिस कल्याण संस्थान के प्रदेश अध्यक्ष व सेवानिवृत्त एएसपी वासुदेव सिंह ने आरोप लगाया कि मंत्री किरोड़ीलाल मीणा ने पुलिस अधिकारियों के साथ कई बार अमर्यादित और अपमानजनक व्यवहार किया है।
उन्होंने कहा कि यदि मंत्री किरोड़ीलाल द्वारा पुलिस कर्मचारियों व अधिकारियों के साथ अनवरत रूप से किए गए दुर्व्यवहार व उन्हें अपमानित कर दबाव में लेने वाले कार्यों को देखें तो उनमें मार्च 2024 में सवाई माधोपुर के आरपीएस अधिकारी अंगद शर्मा को अवैध बजरी परिवहन के खिलाफ कार्रवाई से रोकने समेत जून 2024 में मलारना डूंगर थाने के एसआई सम्पत सिंह के साथ शारीरिक बल प्रयोग कर अवैध खनन माफियाओं को छुड़वाना।
नवंबर 2024 में सवाई माधोपुर के एसपी ममता गुप्ता के आवास में बजरी माफियाओं के साथ जाकर जनसुनवाई करना, जिससे घर में मौजूद बच्चों में भय का माहौल पैदा हुआ और इसके बाद महेश नगर प्रकरण, जिसमें इंस्पेक्टर कविता शर्मा के साथ दुर्व्यवहार किया गया, शामिल हैं। संस्थान ने कहा कि मंत्री के ऐसे कृत्यों से पुलिस बल का मनोबल गिरता है, जो प्रदेश की कानून व्यवस्था के लिए हानिकारक है। ये घटनाएं न केवल पुलिस बल को हतोत्साहित करती हैं, बल्कि प्रदेश की विकास प्रक्रिया को भी प्रभावित करती हैं।
ज्ञापन में मुख्यमंत्री से आग्रह किया गया है कि वे मंत्री किरोड़ीलाल को संविधान की शपथ के अनुरूप विधि सम्मत आचरण करने की सलाह दें। साथ ही पुलिस विभाग के प्रति मंत्री के व्यवहार में सुधार की अपेक्षा भी की गई है। संस्थान ने मंत्री से आग्रह किया है कि वे पुलिस के साथ सहयोगात्मक दृष्टिकोण अपनाएं और किसी भी प्रकार के पूर्वाग्रह को त्यागकर अपने संवैधानिक दायित्वों का पालन करें। उन्होंने पुलिस अधिकारियों के प्रति अमर्यादित व्यवहार की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि प्रदेश की कानून व्यवस्था बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री से इस मामले में जल्द ही हस्तक्षेप करने की अपील की गई है।