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Rajasthan News: राजस्थान सरकार ने किया बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 62 IAS अधिकारियों के तबादले

Mon, 23 Jun 2025 06:56 PM IST
अर्पित याज्ञनिक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

मुख्यमंत्री कार्यालय में भरोसेमंद IAS सिद्धार्थ सिहाग को बिजली विभाग की अहम जिम्मेदारी दी गई। मंत्री किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी के चलते वरिष्ठ अधिकारी कुंजीलाल मीणा फिर से हाशिए पर चले गए।
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तबादला - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राजस्थान में सरकार ने रविवार देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 62 IAS अधिकारियों के तबादले कर दिए। इसके साथ ही 21 अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है। यह फेरबदल सिर्फ विभागीय जिम्मेदारियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसके पीछे की राजनीतिक खींचतान, मंत्रियों की नाराजगी और अफसरशाही में शक्ति संतुलन का स्पष्ट संकेत भी मिला है।

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CMO पर फिर भरोसा, बिजली महकमे में बड़ा चेहरा
मुख्यमंत्री कार्यालय में विशिष्ट सचिव के रूप में कार्यरत IAS सिद्धार्थ सिहाग को राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम (RVPNL) का प्रबंध निदेशक (MD) जैसे महत्वपूर्ण पद का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। यह सरकार की ओर से CMO में कार्यरत अफसरों पर दोबारा जताया गया भरोसा है, जो यह दर्शाता है कि सत्ता की धुरी अब भी मुख्यमंत्री के विश्वस्त अधिकारियों के हाथ में ही है।

किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी बरकरार, कुंजीलाल फिर हाशिए पर
कैबिनेट मंत्री किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी एक बार फिर सीनियर IAS कुंजीलाल मीणा पर भारी पड़ी है। पिछली गहलोत सरकार में नगरीय विकास, ऊर्जा और खान जैसे महत्वपूर्ण विभागों को संभाल चुके कुंजीलाल को भाजपा सरकार बनने के बाद इंदिरा गांधी नहर बोर्ड का अध्यक्ष बनाया गया था। अब उन्हें सिर्फ ACS जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। जानकारों के मुताबिक सवाईमाधोपुर चुनाव में कुंजीलाल की रिश्तेदार आशा मीणा द्वारा किरोड़ी लाल के खिलाफ चुनाव लड़ने में उनकी भूमिका को लेकर मंत्री की नाराजगी बनी हुई है।
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अखिल अरोड़ा को हटाया, लेकिन मिली अहम जिम्मेदारी
गहलोत सरकार में वित्त विभाग संभाल चुके वरिष्ठ IAS अखिल अरोड़ा को इस बार विभाग से हटा दिया गया है, लेकिन उन्हें जलदाय विभाग जैसे रणनीतिक पद पर तैनात किया गया है। माना जा रहा था कि हर तबादले में अरोड़ा को हटाने की चर्चा होती थी, लेकिन अब जाकर उन्हें वित्त से हटाकर अन्यत्र भेजा गया है। उनकी जगह वैभव गालरिया को प्रमुख वित्त सचिव बनाया गया है, जिन्हें जयपुर मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के चेयरमैन और MD का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।

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गहलोत के खास रांका को मिला समकक्ष विभाग
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के प्रमुख सचिव रहे कुलदीप रांका को सामाजिक न्याय और अधिकारिता विभाग से हटाकर अब उच्च और तकनीकी शिक्षा विभाग का ACS बनाया गया है। विभाग में भले ही बदलाव हुआ हो, लेकिन उनकी जिम्मेदारी और रुतबा लगभग पहले जैसा ही बरकरार रखा गया है।

अजिताभ शर्मा को ऊर्जा विभाग की कमान, उद्योग से हटाए गए
सीनियर IAS अजिताभ शर्मा को उद्योग विभाग से हटाकर अब प्रमुख सचिव, ऊर्जा बनाया गया है। साथ ही, उन्हें राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम के अध्यक्ष का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है। चर्चाओं के अनुसार, ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के बाद से ही कैबिनेट मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ और शर्मा के बीच मतभेद थे। हालांकि यह टकराव कभी सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया।

दीया कुमारी के चार विभागों में बड़ा फेरबदल
डिप्टी सीएम दीया कुमारी के वित्त, पर्यटन जैसे चार विभागों में से तीन प्रमुख अधिकारियों को हटा दिया गया है। पर्यटन सचिव रवि जैन को हटाकर स्वायत्त शासन विभाग भेजा गया है, जबकि राजेश यादव को प्रमुख पर्यटन सचिव बनाया गया है। बताया जा रहा है कि दीया कुमारी और रवि जैन के बीच तालमेल ठीक नहीं बैठ रहा था।

जयपुर नगर निगम में बदलाव, सौम्या गुर्जर से टकराव खत्म?
जयपुर नगर निगम ग्रेटर की मेयर डॉ. सौम्या गुर्जर और आयुक्त रुक्मणि रियाड़ के बीच चल रही तनातनी के बाद अब रियाड़ को पर्यटन आयुक्त बनाया गया है। साथ ही, हेरिटेज निगम आयुक्त अरुण हसीजा को राजसमंद कलेक्टर नियुक्त किया गया है।

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नरेश मीणा थप्पड़ कांड का असर, टोंक कलेक्टर बदलीं
देवली-उनियारा उपचुनाव के दौरान नरेश मीणा थप्पड़ कांड में टोंक कलेक्टर सौम्या झा को निदेशक चिकित्सा विभाग पद पर ट्रांसफर कर दिया गया है। यह मामला खासा सुर्खियों में रहा था और प्रशासनिक कार्रवाई की मांग भी उठी थी।

घूसकांड और लाइसेंस गड़बड़ी वाले अफसर अब ‘जांच अधिकारी’
25 लाख की रिश्वत के आरोप में एसीबी की कार्रवाई झेल चुके हनुमान मल ढाका को अब निदेशक, विभागीय जांच बनाया गया है। वहीं, हथियार लाइसेंस में अनियमितता के आरोपों से घिरे झुंझुनूं कलेक्टर रामवतार मीणा को भी हटा कर यही जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस फैसले पर भी चर्चा है कि जो खुद जांच के घेरे में रहे हैं, उन्हें ही जांच की जिम्मेदारी देना कितना उचित है।
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11 जिलों में बदले कलेक्टर, नई टीम मैदान में
इस तबादला सूची में भरतपुर, कोटा, ब्यावर, राजसमंद, फलोदी, हनुमानगढ़, सवाई माधोपुर, टोंक, डीडवाना-कुचामन, झुंझुनूं और कोटपूतली-बहरोड़ समेत 11 जिलों के कलेक्टर बदले गए हैं। इससे साफ है कि सरकार जमीनी प्रशासन में भी नई टीम उतारकर चुनावी तैयारियों की दिशा में बढ़ रही है।

गृह विभाग से हटाए गए आनंद कुमार, सावंत को नई जिम्मेदारी
करीब ढाई साल से गृह विभाग संभाल रहे सीनियर IAS आनंद कुमार को हटाकर अब उन्हें ACS फॉरेस्ट बनाया गया है। वहीं, उनकी जगह भास्कर ए सावंत को ACS होम की जिम्मेदारी दी गई है। आनंद कुमार को गहलोत सरकार ने 2022 में गृह विभाग में नियुक्त किया था और तब से वे इस पद पर बने हुए थे।

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