राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले के छोटीसादड़ी थाना क्षेत्र में एक अधेड़ महिला की बेरहमी से हत्या का ऐसा खुलासा हुआ है, जिसने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया है। करीब 15 दिन पहले जिस वारदात को ‘ब्लाइंड मर्डर’ मानकर पुलिस उलझी हुई थी, उसका सच सामने आते ही हर किसी के रोंगटे खड़े हो गए। इस सनसनीखेज हत्या के पीछे एक 17 वर्षीय नाबालिग निकला, जिसने महज अपनी अश्लील फिल्म देखने की आदत छिपाने के लिए महिला की गला रेतकर हत्या कर दी।
19 मई की रात
पसरा माली मोहल्ला निवासी 54 वर्षीय मृतका अकेले घर में रहती थीं। 19 मई की रात उनका खून से लथपथ शव घर में मिला। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत फैल गई। शव की हालत देख साफ था कि हत्या बेहद बेरहमी से की गई थी, लेकिन न कोई गवाह था, न कोई सुराग। रिश्तेदार ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज करवाई, लेकिन यह 'ब्लाइंड मर्डर' बन चुका था। कातिल और मकसद दोनों रहस्य बने हुए थे।
स्पेशल टीम और तकनीकी जाल
प्रतापगढ़ एसपी विनीत कुमार बंसल के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई, जिसमें एएसपी परबत सिंह, डीएसपी गोपाल लाल हिंडोनिया, एफएसएल, डॉग स्क्वायड और साइबर सेल को जोड़ा गया। पुलिस ने 150 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। घर-घर जाकर पूछताछ की गई। कई दिनों की मेहनत के बाद आखिरकार एक संदिग्ध पर नजर गई। महज 30 मीटर दूर रहने वाला एक किशोर, जो रात को मोबाइल चलाते हुए कैमरे में नजर आया था।
सच सामने आते ही पुलिस भी सन्न
संदेह के आधार पर पुलिस ने किशोर से उसके अभिभावकों की मौजूदगी में पूछताछ की। पहले वह घबराया, लेकिन जब पुलिस ने तकनीकी सबूतों की चक्रव्यूह में उसे घेरा, तो उसने वह बात कबूल ली, जो किसी को भी चौंका दे। नाबालिग ने बताया कि वह लंबे समय से अश्लील फिल्में देखने का आदी था। घटना की रात भी वह यही कर रहा था। इसी दौरान अचानक उसे डर सताने लगा कि कहीं कोई उसे रंगे हाथ न पकड़ ले।
पीड़िता जागी तो बना कातिल
अश्लील फिल्मों की लत के असर में वह मानसिक रूप से अस्थिर हो चुका था। उसी रात चाकू लेकर वह मृतका के घर में घुस गया। महिला की नींद खुली और उन्होंने किशोर को पहचान लिया। पकड़े जाने के डर में उसने तुरंत महिला के गले पर चाकू से वार कर दिया। मृतका ने जान बचाने की भरपूर कोशिश की, लेकिन किशोर ने लगातार कई वार कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया।
सबूत मिटाने की साजिश
हत्या के बाद आरोपी ने बड़ी चतुराई से सबूत मिटाने की कोशिश की। महिला का मोबाइल फोन तोड़कर फेंक दिया, सिम नष्ट कर दी और खून से सने कपड़े भी छिपा दिए। लेकिन पुलिस की सूझबूझ के आगे उसकी सारी चालें नाकाम हो गईं। फिलहाल आरोपी नाबालिग को बाल संप्रेषण गृह भेजने की प्रक्रिया चल रही है।