राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि जब वह सांगानेर में दलित महिला के साथ हुई दरिंदगी का मुद्दा सदन में उठा रहे थे, तब उनका माइक बंद कर दिया गया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करके कहा कि मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र सांगानेर में हुई इस घटना पर सरकार जवाब देने से बच रही है।
टीकाराम जूली ने अपनी पोस्ट में लिखा कि जनता की आवाज उठाने पर संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जी का माइक बंद कर दिया जाता है और अब राजस्थान में पीड़ितों की आवाज उठाने पर भी माइक बंद किया जा रहा है। यह न्यायसंगत नहीं है। यही भाजपा का चाल, चरित्र और चेहरा है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह दबाव बनाने की राजनीति से विपक्ष पीछे हटने वाला नहीं है। सरकार को हर हाल में इस मामले पर जवाब देना ही पड़ेगा। गौरतलब है कि इससे पहले भी कांग्रेस कई बार भाजपा सरकार पर आरोप लगाती रही है कि वह लोकतांत्रिक मूल्यों को दबाने का प्रयास कर रही है। वहीं भाजपा की ओर से इस पर अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
जूली ने कहा कि विधानसभा में विपक्ष पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए लगातार आवाज उठाएगा और सरकार से जवाब मांगेगा। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार न केवल विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है बल्कि पीड़िता को न्याय दिलाने में भी उदासीन रवैया अपना रही है।