राजस्थान पुलिस ने 'ग्राम रक्षक' योजना के तहत ग्रामीण सुरक्षा में जनभागीदारी बढ़ाने की पहल की है। इसके तहत 40-55 वर्ष आयु वर्ग के 8वीं पास स्थानीय निवासी अपने गांव में दो वर्षों तक पुलिस के सहायक के रूप में काम कर सकेंगे।
राजस्थान पुलिस ने ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और जनसहभागिता को बढ़ावा देने के लिए 'ग्राम रक्षक' योजना की शुरुआत की है। इस योजना के तहत चयनित स्वयंसेवक अपने ही गांव में पुलिस के सहायक के रूप में कार्य करेंगे। दो वर्ष की अवधि तक यह ‘ग्राम रक्षक’ स्थानीय स्तर पर अपराध की रोकथाम, सामाजिक समरसता और कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करेंगे।
विज्ञापन
यह पहल राजस्थान पुलिस अधिनियम, 2007 और संशोधित अध्यादेश 2020 के अंतर्गत लागू की गई है। योजना की जानकारी देते हुए पुलिस अधीक्षक एवं नोडल अधिकारी (कम्यूनिटी पुलिसिंग), पंकज चौधरी ने बताया कि इसका उद्देश्य ग्रामीण युवाओं को ग्राम सुरक्षा व्यवस्था से जोड़ना और पुलिस व जनता के बीच सहयोग को बढ़ाना है।
निवास स्थान: आवेदक उसी गांव का स्थायी निवासी होना चाहिए, जहां सेवा देना चाहता है
आवेदन प्रक्रिया
इच्छुक उम्मीदवार अपने स्थानीय थाने से आवेदन पत्र प्राप्त कर सकते हैं
आवेदन 15 अगस्त 2025 तक उसी थाने में जमा कराना अनिवार्य है
विस्तृत दिशा-निर्देश राजस्थान पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट www.police.rajasthan.gov.in पर उपलब्ध हैं
राजस्थान पुलिस की यह पहल न केवल कम्यूनिटी पुलिसिंग को नई दिशा देगी, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में जन-भागीदारी से अपराध पर प्रभावी नियंत्रण भी स्थापित करेगी।