फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rajasthan Weather Today: दो दिन बाद भारी बारिश की चेतावनी, प्रभावित जिलों में SDRF की 8 कंपनियां तैनात

Thu, 24 Jul 2025 08:14 AM IST
सौरभ भट्ट न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

एक से 23 जुलाई तक राजस्थान में सामान्य से लगभग 100 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई। राज्य सरकार ने आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा कर NDRF और SDRF की टीमें तैनात की हैं। प्रभावित जिलों को राहत राशि और मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की घोषणा की गई है।
विज्ञापन
एसडीआरएफ की टीमें। - फोटो : social media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजस्थान में एक जुलाई से 23 जुलाई तक सामान्य से लगभग 100 प्रतिशत अधिक वर्षा हुई है। इस अवधि में राज्य में कुल 327.05 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि सामान्य वर्षा 163.88 मिमी मानी जाती है। प्रदेश के 31 जिलों में सामान्य से अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 26 जुलाई से प्रदेश में फिर से भारी वर्षा का दौर शुरू होगा। इधर, सरकार ने वर्षा जनित हादसों को देखते हुए आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा की है। सर्वाधिक वर्षा प्रभावित वाले जिलों में NDRF और SDRF की 8 कंपनियां तैनात कर दी गई हैं। इनमें NDRF की 4 टीमें किशनगढ़ (अजमेर), कोटा, भरतपुर एवं उदयपुर में तैनात की गई हैं,जो उस संभाग विशेष की SDRF की टीमों के साथ संयोजन करके बाढ़ बचाव एवं आपदा प्रबंधन में सहयोग कर रही हैं।
विज्ञापन



आपदा बचाव के लिए जयपुर में राज्य आपातकालीन परिचालन नियंत्रण कक्ष (एसईओसी) संचालित किया जा रहा है जिसके टोल फ्री नंबर 1070 व 112 हैं। सभी जिलों में बाढ़ नियंत्रण कक्षों को 24 घंटे सक्रिय रहने के आदेश जारी किए गए हैं। प्रत्येक प्रभावित जिले को बाढ़ बचाव एवं राहत गतिविधियों हेतु संभाग स्तरीय जिला मुख्यालयों को 20-20 लाख रुपये तथा अन्य जिलों को 10-10 लाख रुपये की अग्रिम राशि स्वीकृत की गई है। प्राकृतिक आपदा से मृत्यु होने पर प्रति व्यक्ति 4.00 लाख रुपये, मकान पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त होने पर 1.20 लाख रुपये, बडे़ दुधारू पशु क्षति होने पर 37,500 रुपये प्रति पशु (अधिकतम 03) व छोटे दुधारू पशु क्षति होने पर 4,000 रुपये प्रति पशु (अधिकतम 30) तथा बोये गये असिंचित क्षेत्र में खराबा (33 प्रतिशत या उससे अधिक) होने पर प्रति हैक्टेयर 8,500 रुपये व बोये गये सिंचित क्षेत्र में खराबा (33 प्रतिशत या उससे अधिक) होने पर प्रति हैक्टेयर 17,000 रुपये एवं बहुवर्षीय फसलों में खराबा (33 प्रतिशत या उससे अधिक) होने पर प्रति हैक्टेयर 22,500 रुपये की तत्काल सहायता देने का प्रावधान एसडीआरएफ (राज्य आपदा मोचन कोष) के अन्तर्गत है।

पिछले दिनों टोंक के थाना लाम्बा हरिसिंह क्षेत्र में उफनती सहोदरा नदी में फंसे 5 ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला गया-
राज्य में SDRF की कुल 8 कंपनियां जयपुर (2), कोटा (1), भीलवाड़ा (1), अजमेर (1), टोंक (1), चित्तौड़गढ़ (1), बीकानेर (1) शामिल हैं। राज्य के 31 जिलों में सामान्य से 60 प्रतिशत अधिक वर्षा हुई है, जिनमें अजमेर, अलवर, बालोतरा, बारां, ब्यावर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, दौसा, धौलपुर, डीडवाना-कुचामन, जयपुर, जालौर, झुंझुनूं, जोधपुर, करौली, कोटा, नागौर, पाली, राजसमंद, सवाई माधोपुर, सीकर, टोंक, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, बाड़मेर, फलोदी, सिरोही, जैसलमेर, खैरथल-तिजारा जिले शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें