2.90 लाख रुपये के जाली नोट बरामद
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जयपुर कमिश्नरेट की क्राइम स्पेशल टीम ने रविवार रात बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली नोट तस्करी के एक मामले का खुलासा किया है। टीम ने चित्रकूट इलाके में दबिश देकर दो बदमाशों को गिरफ्तार किया, जिनके पास से कुल 2.90 लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए गए। यह कार्रवाई सीएसटी को मिली एक पुख्ता सूचना के आधार पर की गई।
स्पेशल कमिश्नर राहुल प्रकाश के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गोविंद चौधरी निवासी झालावाड़ और देवांश फांडा निवासी चित्रकूट नगर, वैशाली नगर के रूप में हुई है। सीएसटी के इंस्पेक्टर रतन सिंह की टीम को सूचना मिली थी कि चित्रकूट क्षेत्र में एक युवक कार में घूम रहा है, जिसके पास नकली नोटों की खेप है। सूचना की पुष्टि के बाद टीम ने इलाके में नाकाबंदी कर संदिग्ध कार को रोका।
कार की तलाशी लेने पर चालक गोविंद चौधरी के पास से 1.90 लाख रुपये के नकली नोट बरामद हुए। प्रारंभिक पूछताछ में गोविंद ने स्वीकार किया कि वह नकली नोटों की तस्करी में शामिल है और उसका एक साथी भी इसी गतिविधि में संलिप्त है। गोविंद की निशानदेही पर सीएसटी टीम ने चित्रकूट इलाके में स्थित देवांश फांडा के फ्लैट पर दबिश दी।
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फ्लैट की तलाशी के दौरान देवांश को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। उसके कब्जे से 1 लाख रुपये के नकली नोट बरामद हुए। इस तरह दोनों आरोपियों के पास से कुल 2.90 लाख रुपये के जाली नोट जब्त किए गए। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर नकली नोटों को सीज कर लिया है।
पूछताछ में यह तथ्य सामने आया है कि नकली नोटों की खेप उत्तरप्रदेश के सहारनपुर से लाई गई थी। आरोपियों ने नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के नाम और भूमिका को लेकर अहम जानकारियां दी हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह का नेटवर्क कितना बड़ा है, नकली नोट कहां छापे जाते हैं और किन-किन इलाकों में इन्हें खपाया जाना था।
सीएसटी अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे भी गिरफ्तारियां संभव हैं। नकली नोट तस्करी से जुड़े इस नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए जांच तेज कर दी गई है।
2.90 लाख रुपये के जाली नोट बरामद- फोटो : credit