उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने बुधवार को नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। उन्होंने राजस्थान में राजमार्गों के निरंतर विकास के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया। पिछले दस साल में केंद्र सरकार ने राजस्थान में सड़क तंत्र को मजबूत करने के लिए लगभग एक लाख करोड़ के कार्यों को स्वीकृत किया है।
दीया कुमारी ने उन्हें आश्वस्त किया कि राज्य में सड़क तंत्र को मजबूत करने के लिए स्वीकृत की गई विभिन्न योजनाओं को समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए राज्य सरकार हर संभव सहयोग प्रदान करेगी। उन्होंने राजस्थान को सेंट्रल रोड तथा इंफ्रास्ट्रक्चर फंड सीआरआईएफ से ज्यादा सड़कें स्वीकृत करने की भी मांग की।
रोपवे के निर्माण की स्वीकृति की मांग
राजस्थान से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण कार्यों का ज़िक्र करते हुए उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से मांग की कि बृज-चौरासी परिक्रमा मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित कर विकसित किया जाए। इसके साथ ही उन्होंने भारत सरकार की ‘पर्वतमाला योजना’ के अंतर्गत राजस्थान के पर्यटन विभाग द्वारा धार्मिक और पर्यटन महत्व के स्थानों पर रोपवे के निर्माण की स्वीकृति केंद्र सरकार द्वारा जारी करने की मांग की।
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के निर्माण की मांग
उन्होंने राज्य में बनने वाले 9 ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के निर्माण की स्वीकृति भी केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से जारी किए जाने का अनुरोध किया। दीया कुमारी ने बताया कि राजस्थान में बनने वाले नौ ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे में से जयपुर-किशनगढ़-जोधपुर प्रोजेक्ट की डीपीआर एनएचएआई को भिजवा दी गई है तथा बाक़ी आठ एक्सप्रेस-वे का कार्य की स्वीकृति के लिए भी केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय से अनुरोध किया गया है।
8322 करोड़ रुपये का प्लान
गडकरी ने उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी को कहा कि राजस्थान में राजमार्ग के विकास के लिए 8322 करोड़ रुपये का प्लान है। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त कार्यों की भी स्वीकृति प्रदान की जाएगी। उन्होंने दिल्ली-जयपुर-किशनगढ़ मार्ग पर कार्य को तेजी से पूरा करने के लिए भी ठोस कदम उठाने का आश्वासन दिया।
इन मुद्दो पर हुई चर्चा
उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने केंद्रीय मंत्री गडकरी से मुलाकात के दौरान बड़ौदामेव-कुम्हेर-नदबई-भरतपुर हाईवे, मथुरा से नदबई होते हुए जयपुर-आगरा रोड से जोड़ने के लिए लिंक हाईवे, दिल्ली मुंबई एक्सप्रेस-वे से बांदीकुई में प्रवेश तथा निकास के लिए कनेक्टिविटी सर्वे, जयपुर-किशनगढ़ परियोजना तथा जयपुर-रींगस मार्ग पर ब्लैक स्पॉट सर्वे, जयपुर, उदयपुर तथा अजमेर में रिंग रोड के निर्माण, जोधपुर में फोरलेन एलिवेटेड फ्लाईओवर निर्माण को शीघ्र पूरा करने तथा भरतपुर के सारस चौराहे, घना, सेवर मोड़ और शीशम तिराहे पर फ्लाईओवर निर्माण तथा मेडिकल कॉलेज, टेक्नोलॉजी पार्क तथा बरसो के पास अंडरपास और सर्विस रोड आदि मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की। दीया कुमारी ने भरोसा जताया कि जिस तरह से केंद्र सरकार ने राजस्थान में हाईवे निर्माण के लिए पिछले दस वर्षों में भरपूर मदद की है। उसी प्रकार राजस्थान की डबल इंजन की सरकार के कार्यकाल में भी आधारभूत ढांचे के विकास के नए आयाम स्थापित होंगे।