Rajasthan: अशोक गहलोत ने मौजूदा भजनलाल सरकार पर तंज कसा है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने अपने घोषणा पत्र में गेहूं की MSP 2700 करने का वादा किया था, जो अब तक पूरा नहीं हुआ है। इससे पहले मूंगफली की सरकारी खरीद में भी भ्रष्टाचार की शिकायतें आई थीं।'
राजस्थान में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर गेहूं खरीद को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट "एक्स" पर बयान जारी करते हुए भाजपा सरकार की नीतियों पर निशाना साधा।
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गहलोत ने लिखा, 'भाजपा सरकार के कार्यकाल में किसानों को परेशान करने में कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। सरसों की उपज बाजार में आ चुकी है, लेकिन अब तक MSP पर सरकारी खरीद शुरू नहीं हुई है। वहीं, गेहूं की कटाई अभी हुई भी नहीं, फिर भी उसकी MSP पर खरीद के लिए पंजीकरण शुरू कर दिया गया है। भाजपा ने अपने घोषणा पत्र में गेहूं की MSP 2700 करने का वादा किया था, जो अब तक पूरा नहीं हुआ है। इससे पहले मूंगफली की सरकारी खरीद में भी भ्रष्टाचार की शिकायतें आई थीं।'
पूर्व मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार पर किसानों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ना तो किसानों को पर्याप्त बिजली दे पा रही है, ना पानी, और ना ही उनकी उपज का सही दाम मिल पा रहा है। उन्होंने कहा, "ऐसा लगता है कि राजस्थान के किसानों को भाजपा सरकार ने केंद्र सरकार की तरह अपने हाल पर छोड़ दिया है। किसान खुद को ठगा और उपेक्षित महसूस कर रहे हैं। राज्य सरकार को इस ओर तुरंत ध्यान देना चाहिए। गहलोत के इस बयान पर अभी तक राज्य सरकार की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।