इस बार का दशहरा ऑटोमोबाइल सेक्टर के लिए वरदान साबित हो रहा है। केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में वाहनों पर जीएसटी को 28% से घटाकर 18% कर दिए जाने के बाद त्योहारी सीजन में खरीदारी का माहौल गर्म हो गया है। विशेषज्ञ मानते हैं कि दशहरा और धनतेरस का यह अवसर वाहन खरीद के लिए ग्राहकों के लिए बेहद आकर्षक बन गया है।
जीएसटी में कमी का सबसे ज्यादा फायदा छोटी कारों और दोपहिया वाहनों को मिला है। टैक्स घटने से इनकी कीमतों में 50 हजार से लेकर 2 लाख रुपये तक की कमी आई है। यही वजह है कि बाजार में जबरदस्त मांग देखने को मिल रही है। राजस्थान ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष राजन सिंह के अनुसार इस बार त्योहारी सीजन में राज्यभर में 20 से 25% ज्यादा वाहन बिकने की संभावना है। जयपुर में पिछले साल की तुलना में बुकिंग और पूछताछ लगभग दोगुनी हो चुकी है।
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आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2023 के अक्टूबर माह में कुल 1,48,298 वाहन बिके थे, जबकि 2024 में यह संख्या बढ़कर 1,93,857 पर पहुंच गई। यानी एक साल में करीब 30% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इस बार अक्टूबर माह में 3 लाख से अधिक वाहन बिक्री का अनुमान है। जयपुर जैसे बड़े शहरों में दशहरे और धनतेरस के बीच हजारों नई गाड़ियां सड़कों पर उतरने की संभावना जताई जा रही है।
राजन सिंह के अनुसार जीएसटी में राहत उपभोक्ताओं के लिए डबल फेस्टिवल ऑफर की तरह है। जहां एक ओर कीमत कम होने से ग्राहकों को सीधा फायदा हुआ है, वहीं कंपनियां भी आकर्षक फाइनेंस योजनाएं और एक्सचेंज बोनस उपलब्ध करा रही हैं। उन्होंने बताया कि गाड़ियों का स्टॉक लगातार खाली हो रहा है और डीलरशिप पर मांग इतनी तेज है कि सप्लाई को लेकर भी चुनौती खड़ी हो गई है।
कुल मिलाकर देखा जाए तो नवरात्र के बाद दशहरा और धनतेरस का यह समय ऑटोमोबाइल कंपनियों और डीलरों के लिए सुनहरा अवसर बनकर आया है। अनुमान है कि यह दौर लंबे समय तक ऑटो सेक्टर को मजबूती देगा और राजस्थान में वाहन बिक्री नए रिकॉर्ड बनाएगी।
चौपहिया वहन बिक्री में तेजी
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